Jamshedpur : पूर्वी सिंहभूम जिले के कोवाली थाना क्षेत्र में एक बुजुर्ग के साथ कथित पुलिस प्रताड़ना का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। हेंसड़ा गांव निवासी करण बेरा ने कोवाली थाना प्रभारी मुकेश कुमार साव पर अपने पिता श्यामा प्रसाद बेरा के साथ मारपीट करने, झूठे मामले में फंसाने की धमकी देने और रुपये मांगने का आरोप लगाया है। मामले में पीड़ित की तबीयत बिगड़ने के बाद उन्हें पोटका सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र से एमजीएम अस्पताल, जमशेदपुर रेफर किया गया, जहां उनका इलाज जारी है।
घटना की जानकारी मिलने पर पोटका विधायक संजीव सरदार मंगलवार को एमजीएम अस्पताल पहुंचे और पीड़ित श्यामा प्रसाद बेरा से मुलाकात कर उनका हालचाल जाना। विधायक ने परिजनों से पूरे मामले की जानकारी ली और न्याय दिलाने का भरोसा दिया।
संजीव सरदार ने कहा कि जिस व्यक्ति के खिलाफ पहले कभी कोई आपराधिक मामला या शिकायत दर्ज नहीं रही हो, उसके साथ इस प्रकार की कथित बर्बरता बेहद गंभीर और चिंताजनक है। उन्होंने कहा कि पुलिस का दायित्व जनता में विश्वास पैदा करना है, न कि भय का माहौल बनाना। ऐसी घटनाएं पुलिस और आम लोगों के बीच भरोसे को कमजोर करती हैं।
विधायक ने कहा कि यदि लगाए गए आरोप सही पाए जाते हैं तो यह पुलिस व्यवस्था को शर्मसार करने वाली घटना होगी। उन्होंने बताया कि पीड़ित के पैरों में गंभीर चोटें हैं और शरीर पर प्रताड़ना के स्पष्ट निशान दिखाई दे रहे हैं। मामले की निष्पक्ष एवं उच्चस्तरीय जांच कर दोषी पाए जाने वाले अधिकारियों और कर्मियों पर विभागीय एवं कानूनी कार्रवाई की जानी चाहिए।
उन्होंने कहा कि इस संबंध में वरीय पुलिस अधीक्षक को अवगत करा दिया गया है। साथ ही डीआईजी, डीजीपी और मुख्यमंत्री के समक्ष भी मामला उठाया जाएगा, ताकि पीड़ित परिवार को न्याय मिल सके और भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
परिजनों के अनुसार श्यामा प्रसाद बेरा पहले से मधुमेह, उच्च रक्तचाप और सांस संबंधी बीमारियों से पीड़ित हैं। कथित मारपीट के कारण उनके दोनों पैरों में गंभीर चोटें आई हैं, त्वचा फट गई है और टांके लगाने पड़े हैं। पूरे शरीर में सूजन और स्वास्थ्य बिगड़ने के बाद उन्हें पोटका सीएचसी से एमजीएम अस्पताल रेफर किया गया। परिवार का आरोप है कि हिरासत में प्रताड़ना के बाद उनकी हालत बिगड़ने पर पुलिस ने उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया था।
पीड़ित परिवार ने मामले की निष्पक्ष जांच कराने और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।

