
चाईबासा : पश्चिमी सिंहभूम जिले के सोनुवा प्रखंड अंतर्गत आसनतलिया के बेगुना गांव में झारखंड स्टेट लाइवलीहुड प्रोमोशन सोसाइटी (JSLPS) के तत्वावधान में ‘आजीविका महिला संकुल संगठन स्वावलंबी सहकारी समिति लिमिटेड’ की वार्षिक आमसभा का गरिमामय आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में सिंहभूम की सांसद जोबा माझी मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित हुईं।कार्यक्रम स्थल पर पहुंचने पर संकुल की महिला सदस्यों ने पारंपरिक रीति-रिवाजों से सांसद का भव्य स्वागत किया। इसके पश्चात सांसद जोबा माझी ने दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का विधिवत उद्घाटन किया।
आय-व्यय का ब्योरा और सामाजिक नाटक
आमसभा के दौरान समिति की सदस्यों ने संस्था के वार्षिक आय-व्यय का विस्तृत लेखा-जोखा प्रस्तुत किया तथा आगामी वर्ष की कार्ययोजनाओं और गतिविधियों की रूपरेखा साझा की। कार्यक्रम में महिलाओं द्वारा सामाजिक कुरीतियों, अंधविश्वास और नशापान के खिलाफ एक जागरूकता नाटक का मंचन भी किया गया, जिसके माध्यम से समाज को नशे और कुरीतियों से दूर रहने का सशक्त संदेश दिया गया।
महिलाओं को स्वरोजगार और आजीविका के नए साधनों से जुड़कर आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनना
सांसद जोबा माझी ने कहा कि महिलाओं को स्वरोजगार और आजीविका के नए साधनों से जुड़कर आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनना होगा। जब महिलाएं सशक्त होंगी, तभी परिवार और समाज मजबूत बनेगा। उन्होंने कहा कि गांवों में युवा पीढ़ी को बर्बादी से बचाने के लिए महिलाओं को नशामुक्ति के प्रति आगे आकर सामूहिक अभियान चलाना होगा। श्रीमती मांझी ने कहा कि बीमारी या सर्पदंश जैसी आपातकालीन स्थितियों में झाड़-फूंक के चक्कर में समय गंवाने के बजाय तुरंत डॉक्टर या नजदीकी अस्पताल की मदद लें। जागरूकता और आपसी सहयोग ही स्वस्थ समाज की नींव है।
मंच संचालन व गणमान्य उपस्थिति
समारोह का सफल मंच संचालन सुनीता टोपनो ने किया।इस अवसर पर जिला परिषद सदस्य सुहागी मुर्मू, आसानतलिया पंचायत की मुखिया सुप्रिया बोदरा, देवांवीर की मुखिया ज्योति सोय, पंचायत समिति सदस्य जानकी चाकी, बीपीएम गोल्डन शशि कैप्टन, बीओआई गोविंदपुर के शाखा प्रबंधक सचिन मुंडारी, पुनीपदा के ग्राम मुंडा शंकर लाल प्रधान, राजेश प्रधान, किशोर दास, समिति कैडर सावित्री प्रधान, संगीता जामुदा, दुर्गावती खंडाईत, जेमा खंडाईत, सुजीता खंडाईत, मांदुई जामुदा, राजेश कुजूर, बसंती कोड़ा, रेजा देवी, संयुक्ता नायक, मंजूलता महतो, अमरजीत महतो सहित बड़ी संख्या में संकुल की महिलाएं मौजूद रहीं।

