
जमशेदपुर : वजन कम करने के लिए रोजाना व्यायाम करने के बावजूद कई लोगों को मनचाहा परिणाम नहीं मिलता। ऐसे में सिर्फ कसरत बढ़ाने के बजाय खानपान और दिनचर्या पर भी नजर डालना जरूरी है। भोजन से मिलने वाली कैलोरी और शरीर द्वारा खर्च होने वाली ऊर्जा का संतुलन वजन घटाने में अहम भूमिका निभाता है। एमजीएम मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल की डाइटीशियन अनु सिन्हा ने स्वास्थ्य संतुलन को समझाया है।
कसरत के बाद ज्यादा खाना रोक सकता है प्रगति
व्यायाम से कैलोरी खर्च होती है, लेकिन उसके बाद जरूरत से ज्यादा भोजन करने पर उसकी भरपाई हो सकती है। मीठे पेय, तली हुई चीजें और बार-बार अधिक मात्रा में खाना वजन घटाने की प्रक्रिया को प्रभावित कर सकते हैं। सामान्यतः वजन कम करने के लिए भोजन से मिलने वाली कैलोरी, शरीर द्वारा खर्च की जाने वाली कैलोरी से कम होनी चाहिए। हालांकि, इसकी मात्रा व्यक्ति की जरूरत के अनुसार तय होती है।
भूखे रहना नहीं, संतुलित भोजन जरूरी
वजन घटाने के लिए खाना बहुत कम कर देना पर्याप्त नहीं है। शरीर को जरूरी पोषक तत्व मिलते रहना भी आवश्यक है। थाली में सब्जियां, फल, साबुत अनाज, दालें और अन्य उपयुक्त प्रोटीन स्रोत शामिल करने चाहिए। दूध-दही जैसे खाद्य पदार्थ व्यक्तिगत जरूरत के अनुसार लिए जा सकते हैं। भोजन की मात्रा नियंत्रित करते हुए पोषण का संतुलन बनाए रखना जरूरी है।
छोटी शुरुआत से बढ़ाएं शारीरिक गतिविधि
तेज चलना, साइकिल चलाना या अपनी पसंद की दूसरी गतिविधि नियमित दिनचर्या का हिस्सा बन सकती है। एनआईडीडीके के अनुसार, वयस्कों को सामान्य स्वास्थ्य के लिए सप्ताह में कम से कम 150 मिनट मध्यम तीव्रता की गतिविधि का लक्ष्य रखना चाहिए। शुरुआत छोटे सत्रों से करके धीरे-धीरे समय बढ़ाया जा सकता है। घटे हुए वजन को बनाए रखने के लिए कुछ लोगों को अधिक गतिविधि की जरूरत होती है।
नींद और तनाव की अनदेखी न करें
डाइटीशियन अनु सिन्हा का कहना है कि,पर्याप्त नींद और तनाव का प्रबंधन स्वस्थ वजन बनाए रखने में मदद करते हैं। उम्र, दवाएं, हार्मोन संबंधी स्थितियां और अन्य स्वास्थ्य समस्याएं भी वजन पर असर डाल सकती हैं। इसलिए दूसरों के परिणाम देखकर अपने लिए वैसी ही गति की उम्मीद करना उचित नहीं है।
नियमितता से मिलेगा लंबे समय का लाभ
वजन प्रबंधन के लिए ऐसी योजना अपनाएं, जिसे लंबे समय तक निभाया जा सके। खानपान, गतिविधि और वजन में बदलाव का रिकॉर्ड रखें। जरूरत के अनुसार डाइटीशियन या चिकित्सक से व्यक्तिगत योजना बनवाएं। अनु सिन्हा के अनुसार संतुलित भोजन, नियमित सक्रियता और अच्छी नींद को दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने पर जोर दिया गया है। छोटे और व्यावहारिक बदलाव लगातार अपनाने से स्वस्थ वजन हासिल करने और उसे बनाए रखने में मदद मिल सकती है।

