
रांची : झारखंड में मानसून एक बार फिर सक्रिय होता दिखाई दे रहा है। भारत मौसम विज्ञान विभाग के ताजा पूर्वानुमान के अनुसार, राज्य में आज से 3 अगस्त तक मौसम का मिजाज बदला हुआ रहेगा। इस दौरान अधिकांश जिलों में बादल छाए रहने, रुक-रुककर हल्की से मध्यम बारिश होने और कई स्थानों पर तेज गर्जन के साथ वर्षा की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग ने लोगों से सतर्क रहने की अपील की है, क्योंकि कई क्षेत्रों में तेज हवा और वज्रपात की घटनाएं भी हो सकती हैं।
झारखंड मौसम अपडेट : कई जिलों में छाए रहेंगे बादल
मौसम विभाग के अनुसार, राज्य के अधिकांश हिस्सों में अगले तीन दिनों तक बारिश की गतिविधियां बनी रहेंगी। कई जिलों में दिनभर बादल छाए रहेंगे, जबकि दोपहर और शाम के समय वर्षा की तीव्रता बढ़ सकती है। कई इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश के साथ कुछ स्थानों पर तेज वर्षा होने की संभावना है।
मानसून की सक्रियता के कारण वातावरण में नमी बनी रहेगी, जिससे मौसम अपेक्षाकृत सुहावना रहेगा। हालांकि, कुछ स्थानों पर तेज बारिश के कारण स्थानीय स्तर पर जलभराव जैसी स्थिति भी बन सकती है।
झारखंड में वज्रपात और तेज हवा का अलर्ट
मौसम विभाग ने विशेष रूप से दोपहर से शाम के बीच सतर्क रहने की सलाह दी है। इस अवधि में गर्जन के साथ वर्षा होने की संभावना है। कई जिलों में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। इसके साथ ही आकाशीय बिजली गिरने की आशंका भी व्यक्त की गई है।
ऐसी स्थिति में लोगों को खुले मैदान, ऊंचे पेड़ों और बिजली के खंभों से दूर रहने की सलाह दी गई है। खराब मौसम के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचने और सुरक्षित स्थान पर रहने की आवश्यकता है।
इन 7 जिलों में भारी बारिश की संभावना
मौसम विभाग ने संथाल परगना क्षेत्र और उससे सटे इलाकों के लिए भारी वर्षा की चेतावनी जारी की है। जिन जिलों में अधिक बारिश की संभावना जताई गई है, उनमें शामिल हैं—
देवघर
दुमका
गिरिडीह
गोड्डा
जामताड़ा
पाकुड़
साहिबगंज
इन जिलों में कुछ स्थानों पर अल्प अवधि में अच्छी वर्षा हो सकती है। प्रशासन और स्थानीय लोगों को मौसम की ताजा जानकारी पर नजर बनाए रखने की सलाह दी गई है।
झारखंड का तापमान कैसा रहेगा
पूर्वानुमान के अनुसार, अगले 24 घंटों के दौरान राज्य के अधिकतम तापमान में कोई विशेष बदलाव की संभावना नहीं है। इसके बाद अगले चार दिनों में अधिकतम तापमान में 2 से 4 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ोतरी दर्ज की जा सकती है।
बारिश के बीच तापमान में होने वाला यह परिवर्तन अलग-अलग जिलों में मौसम की स्थिति के अनुसार अलग हो सकता है।
झारखंड में सामान्य से अब भी कम हुई है बारिश
मानसून सक्रिय होने के बावजूद राज्य में अब तक सामान्य से कम वर्षा दर्ज की गई है। 1 जून से 29 जुलाई के बीच झारखंड में सामान्यतः 489.2 मिलीमीटर वर्षा होनी चाहिए थी, लेकिन इस अवधि में केवल 362.8 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई। यह सामान्य से लगभग 25 प्रतिशत कम है।
जिलावार आंकड़ों पर नजर डालें तो गढ़वा में सबसे अधिक 62 प्रतिशत और चतरा में 61 प्रतिशत कम बारिश दर्ज की गई है। इसके अलावा पाकुड़, देवघर और गिरिडीह में भी सामान्य से कम वर्षा हुई है। राजधानी रांची में भी सामान्य से 15 प्रतिशत कम बारिश रिकॉर्ड की गई है।
हालांकि पश्चिमी सिंहभूम ऐसा जिला रहा है, जहां सामान्य से 19 प्रतिशत अधिक वर्षा दर्ज की गई है। मौसम विभाग का अनुमान है कि आने वाले दिनों में मानसून की सक्रियता बढ़ने से वर्षा की कमी में कुछ हद तक सुधार हो सकता है।

