पटना। Amit Shah Bihar Rally: अमित शाह पटना के पालीगंज, में आयोजित अति पिछड़ा महासम्मेलन में शामिल हुए। पीएम मोदी के बाद अब गृह मंत्री अमित शाह बिहार में चुनाव के माहौल को गरमाते दिखें। इस सम्मेलन के दौरान उन्होने बताया कि केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार ने पिछड़े और अति पिछड़े समाज के लिए कौन से कार्य किए हैं।
इस कार्यक्रम के दौरान वह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्र की योजनाओं के बारे में भी बताया जो पिछड़े और अति पिछड़े समाज के लिए हैं। अमित शाह ने अपने भाषण में RJD पर जमकर हमला किया। उन्होनें दोनों पार्टियों को पिछड़ा विरोधी बताया है।
Amit Shah Rally- बीजेपी के पहले अध्यक्ष कैलाशपति मिश्र की प्रतिमा का किया अनावरण
केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह 9 मार्च, 2024 (शनिवार) को बिहार के दौरे पर हैं। इससे पहले अमित शाह पिछले साल 10 दिसंबर को पटना आए थे, जब उन्होंने पूर्वी क्षेत्रीय परिषद की बैठक की अध्यक्षता की थी। अमित शाह के दिसंबर दौरे के ठीक डेढ़ महीने बाद बिहार में नीतीश कुमार महागठबंधन से अलग हो गए और एनडीए में वापस शामिल होकर फिर से मुख्यमंत्री बन गए।
सभा को संबोधित करने से पहले उन्होंने बीजेपी के पहले अध्यक्ष कैलाशपति मिश्र की प्रतिमा का अनावरण किया। यह कार्यक्रम पटना के जगदेव पथ पर आईसीएआर बिल्डिंग परिसर में रखा गया था।
Amit Shah Rally- भाजपा नेताओं ने किया भव्य स्वागत
पालीगंज में पंडित दीनदयाल, श्यामा प्रसाद मुखर्जी एवं भारत रत्न कर्पूरी ठाकुर के फोटो पर माल्यार्पण किया। अमित शाह का स्वागत डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी और विजय कुमार सिन्हा ने किया। इस दौरान भाजपा ओबीसी मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष के लक्ष्मण ने उन्हें स्मृति चिन्ह भेंट किया। फिर बलराम मंडल एवं प्रमोद राजवंशी भी उनका स्वागत किया। ओबीसी मोर्चा के अध्यक्ष लक्ष्मण के संबोधन के बाद सम्राट चौधरी का संबोधन हुआ। फिर गृह मंत्री अमित शाह का संबोधन शुरू हुआ।
देश भर में 10 हजार सम्मेलन का आयोजन
भाजपा ओबीसी मोर्चा के अध्यक्ष के. लक्ष्मण कहते हैं कि देश भर में 10 हजार सम्मेलन लोकसभा चुनाव के मद्देनजर आयोजित किए जाएंगे। इन सम्मेलनों के जरिए भाजपा यह बताने की कोशिश करेगी कि जातीय आधार पर बनी पार्टियां उनकी उतनी हितैषी नहीं हैं, जितनी भाजपा है। संभव है कि इसमें मोहन यादव को भाजपा द्वारा सीएम बनाए जाने की चर्चा भी होगी। वैसे भी अमित शाह और पीएम नरेंद्र मोदी भी ओबीसी समुदाय से ही आते हैं। यानी भाजपा का संदेश साफ है कि वह ओबीसी को कितनी प्रमुखता दे रही है।
के. लक्ष्मण ने कांग्रेस पर साधा निशाना
शुक्रवार को भाजपा प्रदेश मुख्यालय में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में के. लक्ष्मण ने कहा कि पंडित नेहरू से लेकर राहुल गांधी तक ने ओबीसी कल्याण व सम्मान देने के निर्णयों का विरोध किया है। काका कालेलकर कमीशन से लेकर मंडल कमीशन तक का विरोध करने की कांग्रेस की नीति रही है।
अपने प्रधानमंत्रित्व काल में तो नेहरू ने सभी प्रदेश के मुख्यमंत्रियों को पत्र लिख कर ओबीसी या जाति के नाम पर आरक्षण नहीं देने को कहा था। भाजपा सांसद श्री लक्ष्मण ने कहा कि जब मोदी सरकार ने पिछड़ा वर्ग आयोग को संवैधानिक दर्जा देने का प्रस्ताव रखा था, तब भी क्षेत्रीय दलों ने विरोध किया था।
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