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Jharkhand Cabinet Decision : कैबिनेट में घंटे भर चली चर्चा के बाद पेसा नियमावली को मिली हरी झंडी, झारखंड स्थापना के 25 वर्ष पूरे होने पर दिशोम गुरु शिबू सोरेन को समर्पित

Jharkhnd Hindi News : ग्राम सभाओं को मिलेंगे व्यापक अधिकार

by Anand Kumar
Jharkhand Ministry
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Ranchi : एक ओर देश भर में 23-24 दिसंबर को स्थानीय स्वशासन दिवस मनाया जा रहा है, ठीक उसी समय झारखंड की हेमंत सोरेन सरकार ने स्थानीय स्वशासन को मजबूत बनाने की दिशा में ऐतिहासिक कदम उठाया है। मंगलवार को हुई कैबिनेट बैठक में लंबे समय से लंबित पेसा (पंचायत विस्तार अनुसूचित क्षेत्र) नियमावली को अंतिम मंजूरी दे दी गई। इस नियमावली को झारखंड राज्य स्थापना के 25 वर्ष पूरे होने के अवसर पर दिशोम गुरु शिबू सोरेन को समर्पित किया गया है।

बैठक में पेसा नियमावली पर करीब एक घंटे तक गहन मंथन हुआ। मंत्रियों ने सलाह और परामर्श दिए, जिन्हें मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने गंभीरता से सुना और समझा। ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज मंत्री दीपिका पांडेय सिंह ने नियमावली का प्रस्ताव कैबिनेट के समक्ष रखा। उन्होंने स्पष्ट किया कि हर राजस्व ग्राम में केवल एक ही ग्राम सभा होगी, जबकि समितियां जितनी भी बन सकती हैं। इस प्रावधान पर सभी मंत्रियों ने सहमति जताई। मंत्री चमरा लिंडा सहित अन्य सदस्यों के परामर्श को स्वीकार करते हुए नियमावली को सर्वसम्मति से पारित कर दिया गया।

पंचायती राज विभाग के सचिव ने बताया कि नई नियमावली के तहत ग्राम सभाओं को कई महत्वपूर्ण क्षेत्रों में अधिकार और जिम्मेवारी दी जाएगी। इनमें खनन, भू-अधिग्रहण, विभिन्न विकास योजनाओं के क्रियान्वयन में अनिवार्य सहमति, गांवों के जल संसाधनों का प्रबंधन और लघु वन उपज पर नियंत्रण शामिल हैं।

इसके अलावा क्षेत्र के स्वास्थ्य केंद्रों और स्कूलों के प्रबंधन में भी ग्राम सभा की भूमिका अहम होगी। सभी राजस्व गांवों को एक समान रखा जाएगा, जिससे अनुसूचित क्षेत्रों में स्वशासन व्यवस्था और मजबूत होगी।सरकार का मानना है कि यह नियमावली आदिवासी बहुल क्षेत्रों में जल, जंगल, जमीन के मुद्दों पर स्थानीय समुदाय को सशक्त बनाएगी और निर्णय प्रक्रिया को अधिक लोकतांत्रिक बनाएगी। अब नियमावली के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए विस्तृत दिशा-निर्देश जल्द जारी किए जाएंगे।

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