
रांची: राजधानी रांची में नशे के अवैध कारोबार पर शिकंजा कसते हुए नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो और रांची पुलिस की संयुक्त टीम ने एक बड़ी सफलता हासिल की है। नगड़ी थाना क्षेत्र में चलाए गए एक गुप्त ऑपरेशन के दौरान टीम ने दो संदिग्ध कारों को घेरकर लगभग 97 किलो गांजा बरामद किया है। बाजार में इस खेप की कीमत लाखों रुपये बताई जा रही है। मौके से तीन शातिर तस्करों को गिरफ्तार किया गया है।
आगे रेकी, पीछे गांजा, तस्करों की चालाकी आई सामने
एनसीबी को खुफिया जानकारी मिली थी कि ओडिशा से गांजे की एक बड़ी खेप झारखंड के रास्ते आगे भेजी जा रही है। सूचना मिलते ही नगड़ी थाना प्रभारी अभिषेक कुमार और पुलिस टीम की मदद से नाकेबंदी की गई। चेकिंग के दौरान दो कारों को आते देखा गया।
जांच में पता चला कि तस्करों ने पुलिस से बचने के लिए बेहद चालाक तरीका अपनाया था। पहली कार आगे-आगे चलकर रास्ते की रेकी कर रही थी ताकि पुलिस चेकिंग की खबर पीछे वाली कार को दे सके। वहीं दूसरी कार में गांजा छिपाकर रखा गया था।
भागने की कोशिश, पुलिस ने घेरा
जैसे ही आगे चल रही गाड़ी को पुलिस की नाकेबंदी दिखी, उसने तेजी से यू-टर्न लेकर भागने की कोशिश की। उसके पीछे आ रही दूसरी कार के ड्राइवर ने भी कट मारकर निकलने का प्रयास किया। लेकिन मुस्तैद एनसीबी और नगड़ी पुलिस की टीम ने तुरंत तत्परता दिखाते हुए दोनों वाहनों को चारों तरफ से घेर लिया। कार की तलाशी लेने पर 97 किलो गांजा बरामद हुआ।
हजारीबाग का नेटवर्क, गहन पूछताछ जारी
मामले की पुष्टि करते हुए ग्रामीण एसपी गौरव गोस्वामी ने बताया कि एनसीबी के इनपुट पर रांची पुलिस ने सहयोग किया और इस कार्रवाई को अंजाम दिया। पकड़े गए आरोपियों में हजारीबाग के रहने वाले शुभम कुमार और सूरज कुमार शामिल हैं, जबकि तीसरे आरोपी की पहचान की जा रही है। शुरुआती जांच में सामने आया है कि इस खेप को हजारीबाग के बरही पहुंचाया जाना था। फिलहाल पुलिस और एनसीबी की टीम इस पूरे सप्लाई नेटवर्क और मुख्य सरगना का पता लगाने में जुटी हुई है।

