RANCHI: रांची नगर निगम क्षेत्र के अलग अलग वार्डों में 15वें वित्त आयोग मद से अर्बन आयुष्मान आरोग्य मंदिर का संचालन हो रहा है। ये सेंटर शहरी स्वास्थ्य व्यवस्था की रीढ़ बन रहे हैं। खासकर गर्भवती महिलाओं के लिए ये केंद्र सुरक्षित मातृत्व की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। इन स्वास्थ्य केंद्रों के माध्यम से आसपास के इलाकों की महिलाओं को निःशुल्क प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाएं, नियमित टेस्ट, परामर्श और जरूरी दवाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं।

हर महीने की 9 तारीख को कैंप
प्रत्येक अर्बन आयुष्मान आरोग्य मंदिर में विशेषज्ञ डॉक्टर, स्टाफ नर्स और सहयोगी स्वास्थ्यकर्मी नियमित रूप से उपस्थित रहते हैं। गर्भवती महिलाओं की विशेष देखभाल के लिए हर माह की 9 तारीख को प्रधानमंत्री मातृत्व सुरक्षित योजना (PMSMA) के तहत विशेष स्वास्थ्य शिविर आयोजित किया जाता है। इस दौरान महिलाओं की संपूर्ण प्रसव पूर्व जांच, एनीमिया, बीपी, मधुमेह जैसी जटिलताओं की पहचान, अल्ट्रासाउंड से संबंधित मार्गदर्शन तथा जरूरी दवाओं का निःशुल्क वितरण किया जाता है।
इन शिविरों में केवल जांच ही नहीं, बल्कि गर्भवती महिलाओं को सुरक्षित मातृत्व के लिए जरूरी लाइफस्टाइल, संतुलित आहार, नियमित जांच, प्रसव के समय सावधानियां और नवजात शिशु की देखभाल से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां भी दी जाती हैं। इससे मातृ मृत्यु दर को कम करने और स्वस्थ शिशु जन्म को बढ़ावा देने में मदद मिल रही है।
30 साल से अधिक वालों की स्क्रीनिंग
इसके अलावा विभागीय निर्देशों के अनुसार 30 वर्ष और उससे अधिक उम्र के लोगों की नॉन कम्युनिकेबल डिजीज (NCD) के तहत नियमित स्क्रीनिंग की जा रही है। जिससे गर्भवती महिलाओं में हाई बीपी और मधुमेह जैसी बीमारियों की समय पर पहचान संभव हो पा रही है। यह पहल उच्च जोखिम वाली गर्भावस्था को सुरक्षित बनाने में सहायक साबित हो रही है।
इस दिन होता है वैक्सीनेशन
हर महीने के पहले मंगलवार को इन केंद्रों पर वैक्सीनेशन दिवस का आयोजन किया जाता है। जिसमें गर्भवती महिलाओं के साथ-साथ बच्चों और अन्य जरूरतमंदों को वैक्सीनेशन का लाभ मिल रहा है। साथ ही परिवार नियोजन कार्यक्रम के तहत परामर्श और आवश्यक सामग्री भी प्रदान की जा रही है। जिससे महिलाओं को अपने स्वास्थ्य और फैमिली प्लानिंग में मदद मिलती है।
स्वास्थ्य जागरूकता को और मजबूत करने के लिए आरोग्य मंदिरों के डॉक्टर , स्टाफ, नर्स स्कूलों, आंगनबाड़ी केंद्रों और सामुदायिक संस्थाओं में जाकर स्वच्छता, पोषण और स्वस्थ जीवनशैली को लेकर अभियान चला रहे हैं।

