तिरुपति बालाजी मंदिर के लड्डू विवाद के बीच आंध्र प्रदेश के उप-मुख्यमंत्री व एक्टर पवन कल्याण खबरों में बने हुए हैं। तिरुपति के प्रसाद में जानवर की चर्बी मिलने की रिपोर्ट से नाराज पवन कल्याण ने जांच और दोषियों को सजा देने की मांग की है। साथ ही उन्होंने खुद भी 11 दिनों तक इसके लिए प्रायश्चित करने का प्रण लिया है। इसी सिलसिले में उन्होंने विजयवाड़ा के कनक दुर्गा मंदिर में अपने हाथों से मंदिर की सीढ़ियों की सफाई की।
11 दिन के प्रायश्चित दीक्षा के अंतर्गत की सीढ़ियों की सफाई
उन्होंने अपने 11 दिन के प्रायश्चित दीक्षा के एक भाग के रूप में मंगलवार की सुबह एक शुद्धिकरण अनुष्ठान भी शुरू किया है। इस शुद्धिकरण अनुष्ठान का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें पवन कल्याण कई अन्य लोगों के साथ मंदिर में अनुष्ठान करते देखे जा सकते हैं। इस शुद्धिकरण अनुष्ठान में उन्होंने झाड़ू से मंदिर की सीढि़यों को साफ किया और फिर सीढ़ियों पर हल्दी और सिन्दूर लगाया। इसके बाद मंदिर में पूजा-अर्चना की।
अनुष्ठान के बाद पवन कल्याण ने देवी दुर्गा की पूजा की। इस दौरान वहां उप-मुख्यमंत्री के साथ सांसद केसिनेनी शिवनाथ (चिन्नी), बालाशौरी और एमएलसी हरिप्रसाद सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।
मालूम हो कि पवन कल्याण ने तिरुपति लड्डू प्रसादम में ‘जानवर की चर्बी’ पाए जाने की रिपोर्ट आने पर, इसके लिए प्रायश्चित के रूप में प्रायश्चित दीक्षा ली। इस मामले पर उन्होंने एक बयान जारी कर पूर्व मुख्यमंत्री वाईएस जगन मोहन रेड्डी से जवाबदेही मांगी है। उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि राष्ट्रीय स्तर पर सनातन धर्म रक्षण बोर्ड की स्थापना की जाए।

