चाईबासा : झारखंड के पश्चिमी सिंहभूम में एक बार फिर हाथियों ने शनिवार की देर रात उत्पात मचाया है। इस दौरान दो घरों को क्षतिग्रस्त और फसल को भी बर्बाद कर दिया। यह घटना मनोहरपुर प्रखंड अंतर्गत पोड़ाहाट वन प्रमंडल के आनंदपुर रेंज स्थित कोलपोटका गांव में घटी। इस घटना के बाद से ग्रामीणों में भय का माहौल है।

कोलपोटका गांव में घंटों डटा रहा हाथियों का झुंड
हाथियों के दल ने रात लगभग आठ बजे गांव में प्रवेश किया और तड़के तक विभिन्न हिस्सों में घूमता रहे। ग्रामीणों ने बताया कि झुंड ने दो घरों को नुकसान पहुंचाया। धनेश्वर महतो के घर को आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त कर दिया गया, जबकि लोदरो मुंडा के मकान को भारी नुकसान हुआ।
घटना के समय धनेश्वर महतो घर पर मौजूद नहीं थे। वहीं लोदरो मुंडा का परिवार घर के भीतर था, लेकिन हाथियों की आहट मिलते ही सभी सदस्य सुरक्षित बाहर निकलने में सफल रहे। राहत की बात यह रही कि किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है।
फसल रौंदी, सोलर प्लेट क्षतिग्रस्त
हाथियों के झुंड ने खेतों में लगी चने की फसल को पूरी तरह बर्बाद कर दिया। इसके अलावा घर के बाहर स्थापित सोलर प्लेटों को भी नुकसान पहुंचाया। ग्रामीणों ने बताया कि झुंड में लगभग दस शिशु हाथी भी शामिल थे। अनुमान लगाया जा रहा है कि झुंड में हाथी अपने बच्चों की सुरक्षा को लेकर भी आक्रामक हो जाते है।
स्थानीय लोगों का क्या कहना है
स्थानीय लोगों का कहना है कि ओड़िशा सीमा की ओर से वन विभाग द्वारा खदेड़े जाने के बाद हाथियों का यह समूह झारखंड-ओड़िशा सीमावर्ती इलाके में पहुंचा। ग्रामीणों को आशंका है कि झुंड दोबारा गांव की ओर लौट सकता है।
वन विभाग का क्या कहना है
पोड़ाहाट वन प्रमंडल के प्रभागीय वन अधिकारी (डीएफओ) नीतीश कुमार ने बताया कि सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम को रात में ही गांव के आसपास तैनात कर दिया गया था। विभाग द्वारा लगातार मॉनिटरिंग की जा रही है और हाथियों को सुरक्षित जंगल क्षेत्र की ओर मोड़ने का प्रयास जारी है।

