हिमानी शिवपुरी हिंदी सिनेमा की एक प्रतिभाशाली अभिनेत्री हैं, जिन्होंने अपने अभिनय से दर्शकों के दिलों में छाप छोड़ी है। उनका जन्म आज ही के दिन 24 अक्तूबर 1960 को देहरादून में हुआ था। वह मशहूर लेखक डॉ. हरिदत्त भट्ट ‘शैलेश’ की बेटी हैं। उन्होंने अपनी शुरुआती पढ़ाई दून स्कूल से की और बाद में नेशनल स्कूल ऑफ ड्रामा से अभिनय की पढ़ाई की।
हिमानी शिवपुरी ने अपने करियर की शुरुआत 1984 में फिल्म “अब आएगा मजा” से की थी। इसके बाद उन्होंने कई सफल फिल्मों में काम किया, जिनमें “हम आपके हैं कौन”, “राजा”, “दिलवाले दुल्हनिया ले जाएंगे”, “दीवाना मस्ताना”, “कुछ कुछ होता है” और “कभी खुशी कभी गम” शामिल हैं। उन्होंने टीवी सीरियल्स में भी अपनी प्रतिभा दिखाई है, जिनमें “हमारी बेटियों का विवाह”, “बात हमारी पक्की है”, “घर एक सपना” और “एक विवाह ऐसा भी” शामिल हैं। वर्तमान में वह कॉमेडी सीरियल “हप्पू की उलटन पलटन” में दरोगा हप्पू सिंह की मां का किरदार निभा रही हैं। जहां से उन्हें काफी पहचान मिली।
पुरस्कार और मान्यता
हिमानी शिवपुरी को उनके अभिनय के लिए कई पुरस्कार मिले हैं। उन्हें अपने करियर में कई सम्मान मिले हैं, जिनमें बेस्ट सपोर्टिंग एक्ट्रेस का अवॉर्ड भी शामिल है। वह एक प्रतिभाशाली अभिनेत्री और एक प्रेरणादायक व्यक्ति हैं, जिन्होंने अपने सपनों को पूरा करने के लिए मेहनत और समर्पण से काम किया है। हिमानी शिवपुरी ने अपने जीवन में कई चुनौतियों का सामना किया है, लेकिन उन्होंने कभी हार नहीं मानी। उन्होंने अपने करियर में कई उतार-चढ़ाव देखे, लेकिन उनकी मेहनत और समर्पण ने उन्हें हमेशा आगे बढ़ने की प्रेरणा दी।
200 से ज्यादा फिल्में
हिमानी शिवपुरी की जिंदगी के अनसुने पहलू और उनके करियर की उपलब्धियां हमें प्रेरित करती हैं कि हम अपने सपनों को पूरा करने के लिए मेहनत और समर्पण से काम करें। उन्होंने अभी तक 200 से अधिक फिल्मों में काम किया है और चूंकि हिमानी भी पहाड़ों से है, तो उनकी तुलना पर्वतारोही बछेंद्री पाल के साथ की जाती है। उन्होंने राजश्री फिल्म्स, वाईआरएफ और सुभाष घई जैसे बड़े प्रोडक्शन हाउसेस के साथ काम किया है, लेकिन उन्होंने टेलीविजन के प्रति अपनी वफादारी बनाए रखी है। उन्होंने अपने परिवार, प्रशंसकों और सह-कलाकार अनुपम खेर को अपना मेंटर बताया है। उन्होंने “दिलवाले दुल्हनिया ले जाएंगे” के सेट पर बिताए गए समय बेस्ट कहती हैं।

