Home » बसंत पंचमी अमृत स्नान से पहले CM योगी का प्रयागराज दौरा, ‘जीरो टोलरेंस’ के सख्त निर्देश

बसंत पंचमी अमृत स्नान से पहले CM योगी का प्रयागराज दौरा, ‘जीरो टोलरेंस’ के सख्त निर्देश

by Neha Verma
WhatsApp Group Join Now
Instagram Follow Now

प्रयागराज: महाकुंभ के दौरान हाल ही में हुई भगदड़ की घटनाओं को ध्यान में रखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बसंत पंचमी के अमृत स्नान से पहले प्रयागराज का दौरा किया। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों के साथ बैठक कर सभी तैयारियों की समीक्षा की और ‘जीरो एरर’ प्रबंधन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और श्रद्धालुओं की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाएगी।

मुख्य निर्देश और तैयारियां

1. सुरक्षा व्यवस्था होगी सख्त, पुलिस को विनम्र व्यवहार अपनाने के निर्देश

मुख्यमंत्री ने सुरक्षा को लेकर सख्त कदम उठाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए सुरक्षा बलों को सतर्क रहना होगा।

  • पुलिस बल को विशेष रूप से प्रशिक्षित किया जाएगा ताकि वे भीड़ को नियंत्रित कर सकें।
  • श्रद्धालुओं के साथ विनम्र व्यवहार करने के लिए पुलिसकर्मियों की काउंसलिंग की जाएगी।
  • महत्वपूर्ण स्थानों पर अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती होगी।
  • भीड़ नियंत्रण के लिए मुख्य स्नान घाटों और संगम क्षेत्र में मजबूत बैरिकेडिंग लगाई जाएगी।

2. यातायात प्रबंधन होगा और अधिक व्यवस्थित

महाकुंभ में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ती है, जिससे यातायात व्यवस्था प्रभावित होती है। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि –

  • परिवहन विभाग बसों की उचित पार्किंग सुनिश्चित करे ताकि अनावश्यक जाम न लगे।
  • प्रयागराज जंक्शन और आईईआरटी फ्लाईओवर पर श्रद्धालुओं की आवाजाही पर नियंत्रण रखा जाए।
  • प्रमुख मार्गों पर बैरिकेड्स लगाए जाएं ताकि भीड़ को नियंत्रित कर खुले स्थानों की ओर मोड़ा जा सके।
  • संगम जाने वाले मार्गों को सुगम बनाने के लिए वैकल्पिक रास्तों की योजना बनाई जाए।

3. VIP मूवमेंट पर रोक, आम श्रद्धालुओं की सुविधा पर जोर

मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि 2 और 3 फरवरी को अमृत स्नान के दौरान कोई वीआईपी प्रोटोकॉल लागू नहीं होगा।

  • अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि वे आम श्रद्धालुओं की सुविधा को प्राथमिकता दें।
  • कोई भी सरकारी अथवा प्रशासनिक हस्तक्षेप श्रद्धालुओं की आवाजाही में बाधा नहीं बनना चाहिए।
  • अखाड़ों की पारंपरिक शोभा यात्रा भव्य तरीके से निकाली जाएगी और उसके लिए अलग से रूट प्लान तैयार किया जाएगा।

4. पार्किंग और सुविधाओं का विस्तार

श्रद्धालुओं को पार्किंग की समस्या न हो, इसके लिए मुख्यमंत्री ने अतिरिक्त व्यवस्था करने के निर्देश दिए।

  • जरूरत पड़ने पर आसपास के खेतों का उपयोग पार्किंग स्थल के रूप में किया जाएगा।
  • संगम स्नान के लिए आने वाले श्रद्धालुओं को कम से कम पैदल चलना पड़े, इसके लिए पार्किंग स्थल से घाटों तक विशेष वाहन सेवा की व्यवस्था की जाएगी।
  • महत्वपूर्ण स्थानों पर फूड स्टॉल, टेंट, साइनेज और प्राथमिक चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।

5. अमृत स्नान के दौरान भीड़ नियंत्रण पर विशेष ध्यान

3 फरवरी को बसंत पंचमी का अमृत स्नान सबसे महत्वपूर्ण माना जा रहा है। इस दिन भारी संख्या में श्रद्धालु उत्तर प्रदेश, बिहार और नेपाल से आने की संभावना है।

  • अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि संगम क्षेत्र में श्रद्धालुओं का मूवमेंट सुगमता से हो।
  • ऊंचे स्थानों पर साइनेज लगाए जाएं ताकि लोग दिशाभ्रम का शिकार न हों।
  • रात के समय पर्याप्त रोशनी की व्यवस्था हो ताकि श्रद्धालुओं को किसी तरह की परेशानी न हो।
  • संगम स्नान के लिए ट्रैफिक मैनेजमेंट की निगरानी एसपी स्तर के वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा की जाएगी।

CM ने अधिकारियों को दिया मैदान में उतरने का आदेश

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे व्यक्तिगत रूप से मैदान में उतरकर व्यवस्था की निगरानी करें।

  • जहां समस्याएं हैं, वहां तुरंत समाधान निकाला जाए।
  • आयोजन की भव्यता और सुरक्षा को लेकर कोई चूक न हो।
  • वरिष्ठ अधिकारी महत्वपूर्ण स्थानों पर तैनात रहें और जरूरी फैसले मौके पर ही लें।

महाकुंभ की सफलता को लेकर सरकार सतर्क

CM योगी आदित्यनाथ ने कहा कि महाकुंभ की व्यवस्था और इसकी भव्यता को लेकर दुनियाभर में सराहना हो रही है। ऐसे में इसे सफल बनाने के लिए सभी को अपना योगदान देना होगा।

  • उन्होंने साफ किया कि महाकुंभ के आयोजन में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
  • प्रशासनिक अमला पूरी तत्परता से काम करे ताकि किसी भी अप्रिय घटना से बचा जा सके।
  • उन्होंने पार्किंग से लेकर सुरक्षा, परिवहन और अन्य व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने के लिए अधिकारियों को अंतिम समय तक सतर्क रहने के निर्देश दिए।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के सख्त निर्देशों के बाद प्रयागराज प्रशासन हाई अलर्ट मोड में है। महाकुंभ में आने वाले लाखों श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा को ध्यान में रखते हुए हर स्तर पर व्यापक इंतजाम किए जा रहे हैं। सरकार इस आयोजन को ऐतिहासिक और त्रुटिहीन बनाने के लिए कोई कसर नहीं छोड़ना चाहती।

Related Articles