RANCHI: रांची के ऑड्रे हाउस में आयोजित सीएमएस वातावरण रांची ट्रैवलिंग फिल्म फेस्टिवल का उद्घाटन राज्यपाल ने किया। उन्होंने रूट्स एंड रिन्युअल: इडिजिनस नॉलेज, यूथ वॉइस, प्लेनेटरी स्टीवर्डशिप’ विषय पर कहा कि यह विषय अत्यंत सार्थक और समय के अनुकूल है। उन्होंने कहा कि हमें अपनी जड़ों से जुड़े रहकर पृथ्वी के भविष्य को सुरक्षित रखना चाहिए। पर्यावरण संरक्षण को जन आंदोलन का रूप देना अब समय की मांग है।

उन्होंने कहा कि फिल्में केवल मनोरंजन का साधन नहीं, बल्कि समाज को दिशा देने का शक्तिशाली माध्यम हैं। उन्होंने झारखंड की जनजातीय परंपराओं का उल्लेख करते हुए कहा कि यहां की जीवन पद्धति प्रकृति के साथ सह-अस्तित्व का अद्भुत उदाहरण प्रस्तुत करती है। उन्होंने जैव विविधता के संरक्षण को अपनी सांस्कृतिक धरोहर का हिस्सा बताया। साथ ही कहा कि इन पारंपरिक ज्ञान प्रणालियों का संरक्षण जरूरी है, ताकि आने वाली पीढ़ियां भी उनसे प्रेरित हो सकें।
राज्यपाल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मिशन लाइफ-लाफइस्टाइल इंवायरोमेंट का उल्लेख करते हुए युवाओं से आह्वान किया कि वे पर्यावरण संरक्षण को अपने जीवन का हिस्सा बनाएं और समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाने का प्रयास करें। उन्होंने फिल्म फेस्टिवल से जुड़े सभी आयोजकों, संस्थाओं और प्रतिभागियों को शुभकामनाएं दी और विश्वास जताया कि यह आयोजन पर्यावरण संरक्षण के लिए जन जागरूकता का प्रभावी मंच बनेगा।

