

रांची : भगवान बिरसा जैविक उद्यान में पहली बार मादा तेंदुआ ज्योति ने मादा शावक को जन्म दिया। उसका नाम वैदेही रखा गया है। मादा गौर रोशनी ने भी नर बच्चे को जन्म दिया, जिसका नाम हीरा रखा गया। नामकरण के समय उद्यान में आए पर्यटकों ने भी नन्हे जानवरों के साथ खेला और पदाधिकारियों ने केक काटे।

11 मई को हिप्पो लिली ने भी नर बच्चे को जन्म दिया, जिसका नाम मोती रखा गया। मौके पर प्रधान मुख्य वन संरक्षक वन्यप्राणी शशिकर सामंता, जब्बार सिंह मुख्य वन संरक्षक एवं निदेशक भगवान जैविक उद्यान ओरमांझी मौजूद थे। शशिकर सांमता ने कहा कि उद्यान के कर्मचारियों के सहयोग के कारण एवं पर्याप्त पौष्टिक आहार एवं उचित देखभाल के कारण वन्यप्राणियों की संख्या में वृद्धि हुई है।

कार्यक्रम में अशोक कुमार सिंह, डॉ ओमप्रकाश सिंह, बाबूनंद प्रसाद, रामलखन पासवान, प्रमोद कुमार, विवेकानंद कुमार, राकेश अवस्थी, अरुण कुमार, ललन कुमार, मुकेश कुमार, अमित कुमार समेत उद्यान के कई कर्मचारी मौजूद थे।

प्रधान वन संरक्षक संजय श्रीवास्तव ने बताया कि मादा तेंदुआ ज्योति ने प्रथम बार 30 मार्च को बच्चे को जन्म दिया था। कुछ दिन पूर्व ही लिलि हियों ने 11 मई को नर बच्चे काे जन्म दिया, जिसका नाम गोती रखा गया।
इस अवसर पर दर्शकों का मनोरंजन के लिए सेल्फी पॉइंट बुद्धा गार्डन एवं नवजात शिशुओं की देखभाल के लिए मातृ-शिशु गृह का उद्घाटन किया गया।
