

गोड्डा : 40 फीट गहरे कुएं की सफाई करने के लिए उतरे किशोर दस वर्षीय मसूद अंसारी की जहरीली गैस से दम घुटने से मौत हो गई है। घटना शुक्रवार की सुबह दस बजे ललमटिया राजमहल परियोजना के खनन प्रभावित पुनर्वास स्थल बड़ा भोड़ाय गांव की है।

उक्त गांव के मफिजुद्दीन अंसारी के दस वर्षीय पुत्र मसूद अंसारी अपने पिता के साथ कुएं की गंदगी साफ करने उतरा था। कुआं में उतरने के बाद ही मसूद और पिता का दम घुटने लगा। दोनों ने कुआं के अंदर से चिल्लाना शुरू कर दिया। आवाज सुन घरवाले सहित अगल बगल के लोग वहां दौड़े आए और कुआं से पिता-पुत्र को बाहर निकालने के लिए गांव के चार अन्य युवक भी कुआं के अंदर उतर गए लेकिन इन चारों की भी स्थिति वैसी ही हो गई।

इसमें 25 वर्षीय खलीक अंसारी, 25 वर्षीय मुबारक अंसारी , 23 वर्षीय शाहिद अंसारी और 40 वर्षीय इब्राहिम अंसारी कुआं के अंदर पिता पुत्र के साथ ही मुर्छित होकर वहीं पानी में ढेर हो गए। यह देख कुआं के उपर जुटे ग्रामीणों के होश उड़ गए।

लोगों ने तुरंत ललमटिया थाना की पुलिस को इसकी सूचना दी। कुएं के अंदर जहरीली गैस बन रही थी जिसके कारण कुएं के अंदर प्रवेश करने ही सभी लोग बेहोश हो चुके थे। ललमटिया थाना प्रभारी चंद्रशेखर सिंह ने पुलिस दलबल के साथ घटनास्थल पर पहुंचकर काफी मशक्कत के बाद ग्रामीणों के सहयोग से कुएं के अंदर मूर्छित हुए छह लोगों को बाहर निकाला और इलाज के लिए निकट के संत लुकास हेल्थ सेंटर डकैता मिशन भेजा गया ।
इलाज के दौरान चिकित्सक डा मेरी ने दस वर्षीय मसूद अंसारी को मृत घोषित कर दिया। चिकितसक ने बताया कि दम घुटने से किशोर की मौत हुई है। चिकित्सक ने गंभीर अवस्था में इब्राहिम अंसारी, मुबारक अंसारी और शाहिद अंसारी को बेहतर इलाज के लिए महागामा रेफरल अस्पताल भेज दिया।
जबकि मृतक के पिता मफीजुद्दीनअंसारी और दूसरे ग्रामीण मुबारक अंसारी का इलाज संत लुकास हेल्थ सेंटर में हुआ । बाद में इलाज के दौरान मफीजुद्दीनअंसारी और मुबारक अंसारी की स्थिति सामान्य हो गई। वहीं महागामा रेफरल अस्पताल में इलाजरत इब्राहिम अंसारी, मुबारक अंसारी और शाहिद अंसारी भी स्वस्थ हो गए।
किशोर की मौत से गांव में मातमी सन्नाटा
किशोर मसूदा अंसारी की मौत से मफीजुद्दीन अंसारी के परिवार सहित पूरे बड़ा भोड़ाय गांव में मातमी सन्नाटा पसर गया है। मसूद की मौत से स्वजनों का रो रो कर बुरा हाल है। मसूद अंसारी परिवार का बड़ा पुत्र था। उनसे छोटा भाई है।
वहीं मफीजुद्दीन को इसके अलावा चार पुत्रियां भी हैं। बड़ा भोड़ाय ओबी डंप के निकट मफीजुद्दीन के घर के पास ही ईसीएल की ओर से वर्ष 1918-19 में कूप निर्माण कराया गया था। उक्त कूप में मोटर भी लगा था। इसके पानी को लोग स्नान आदि करने के लिए उपयोग करते थे। बड़ा भोड़ाय में इन दिनों अधिकांश कुएं सूख गए हैं। मफीजुद्दीन के घर के पास भी उक्त कूप में मात्र दो फीट ही पानी है।
ललमटिया क्षेत्र के बड़ा भोड़ाय ओबी डंप के पास कुएं की सफाई करने उतरे बालक की जहरीली गैस से दम घुटने से मौत हुई है। बालक और उनके पिता को बचाने के लिए गांव के चार अन्य लोग भी जहरीली गैस के कारण मूर्छित हो गए थे। अस्पताल में सबों का इलाज कराया गया। सभी अब खतरे से बाहर हैं।
चिकित्सकों के अनुसार कुएं के अंदर इन सबों के दम घुटने की वजह जहरीली गैस ही है। मृत बालक के शव को पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दिया गया है। पिता के आवेदन के आधार पर यूडी केस दर्ज किया गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। – चंद्रशेखर सिंह, थाना प्रभारी, ललमटिया।
