बिजनेस डेस्क। Artificial Intelligence: भारत के सबसे अमीर व्यक्ति मुकेश अंबानी ने हाल ही में घोषणा की है कि वे आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) इंडस्ट्री में कदम रखने जा रहे हैं। रिलायंस इंडस्ट्रीज ने AI और सेमीकंडक्टर्स जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों में निवेश करने की घोषणा की है। मुकेश अंबानी की रिलायंस इंडस्ट्रीज और एक प्रतिष्ठित अमेरिकी कंपनी के बीच हो रहे समझौते इस वक्त कारोबारी जगत में सुर्खियों में हैं।

इस डील को भारत के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और सेमीकंडक्टर जैसे उत्पादों की उपलब्धियों की तरफ एक और कदम बढ़ाने के अवसर के रूप में देखा जा रहा है।
मुकेश अंबानी AI इंडस्ट्री में रखने जा रहे कदम तकनीकी क्षेत्र में हासिल होंगी नई उपलब्धियां
यह डील मुकेश अंबानी की रिलायंस इंडस्ट्रीज को आर्टिफिशियल सोसाइटी के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण भूमिका देने के रूप में भी मानी जा सकती है। इसके माध्यम से, मुकेश अंबानी अब भारत में एआई के क्षेत्र में भी अपना नाम बना रहे हैं, और उनका योगदान इस तकनीकी क्षेत्र में नई उपलब्धियों को गति देने के लिए महत्वपूर्ण हो सकता है।
रिलायंस इंडस्ट्रीज और Nvidia की डील
अभिज्ञान और प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में भारत ने हाल ही में एक महत्वपूर्ण डील की घोषणा की है, जिसमें भारत की रिलायंस इंडस्ट्रीज (RIL) और अमेरिकी कंपनी Nvidia का शामिल हैं। यह समझौता आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और सेमीकंडक्टर तकनीकों के क्षेत्र में भारत को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने के उद्देश्य से किया गया है। रिलायंस इंडस्ट्रीज ने इस समझौते के माध्यम से Nvidia के साथ एक नई संयुक्त कारोबार की घोषणा की है, जिसके तहत उनका साझा उद्देश्य है भारत में AI तकनीक को बढ़ावा देना और सेमीकंडक्टर उत्पादन में मदद करना।
इसके माध्यम से, मुकेश अंबानी के नेतृत्व वाले RIL ने अपने पोर्टफोलियो में AI तकनीकों के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण भूमिका बनाई है, जिसका परिणाम स्वदेशी तकनीकी उत्पादन में नए उद्घाटनों के लिए सकारात्मक हो सकता है।
मुकेश अंबानी ने यह किया वादा
Nvidia और रिलायंस द्वारा साझेदारी के मौके पर रिलायंस के अध्यक्ष मुकेश अंबानी ने कहा कि भारत धीरे-धीरे डाटा का प्रसार करने वाले देश से एक टेक्नोलॉजी बनाने वाले देश में बदलता जा रहा है। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि बेहतर विकास के लिए भारत जिस तरह टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल कर रहा है, Nvidia और रिलायंस की साझेदारी से उसे और मजबूती मिलेगी।
ठीक उसी तरह जिस तरह रिलायंस जिओ की बदौलत देश के डिजिटल ट्रांस्फोर्मेशन को मदद मिली है। हाल ही में रिलायंस की 46वीं वार्षिक मीटिंग हुई थी और इस दौरान मुकेश अंबानी ने कहा था कि वह भारत में मौजूद हर एक घर के लिए AI लेकर आएंगे।
रिलायंस के AI इंडस्ट्री में निवेश के क्या होंगे प्रभाव
रिलायंस के निवेश से भारत में AI इंडस्ट्री का विकास होगा। इससे नए स्टार्टअप्स का उदय होगा और मौजूदा कंपनियां भी अपने कारोबार को बढ़ाने में सक्षम होंगी। रिलायंस के निवेश से भारत में रोजगार के नए अवसरों का सृजन होगा। AI इंडस्ट्री में कुशल पेशेवरों की मांग बढ़ेगी, जिससे रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे। इसके साथ ही रिलायंस के निवेश से भारत की अर्थव्यवस्था का विकास होगा। AI इंडस्ट्री से नए उत्पादों और सेवाओं का निर्माण होगा, जिससे आर्थिक विकास होगा।
जियो AI के क्षेत्र में करेगा काम
मुकेश अंबानी ने जियो AI के क्षेत्र में काम करने की घोषणा की है। रिलायंस ग्रुप के अंदर वह एक विशेष टैलेंट पूल तैयार कर रहे हैं, जिसमें AI के क्षेत्र में नवाचार की क्षमताएं होंगी। उनका लक्ष्य AI के डिजिटल बुनियादी ढांचा बनाना है और उन्होंने 2000 मेगावॉट की AI कैपेसिटी का निर्माण करने की योजना बताई है।
मुकेश अंबानी ने देश के हर व्यक्ति के लिए AI को हर कहीं उपलब्ध कराने का वादा किया है। उन्होंने कहा है कि सात साल पहले हमने जियो कनेक्टिविटी का वादा किया था। अब मैं वादा करना चाहता हूं कि जियो हर एक व्यक्ति के लिए AI हर कहीं उपलब्ध कराएगा।
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