रांची : झारखंड में सरकार बनने के दो महीने बाद भी नेता प्रतिपक्ष की नियुक्ति नहीं हो पाई है। इस मुद्दे पर सत्तारूढ़ दल भाजपा को लगातार निशाना बना रहा है। वहीं, भाजपा ने संकेत दिए हैं कि नेता प्रतिपक्ष का चुनाव जल्द होगा। पार्टी के वरिष्ठ विधायक सीपी सिंह ने बताया कि खरमास के बाद नेता प्रतिपक्ष का नाम तय कर लिया जाएगा।
बजट सत्र से पहले होगा निर्णय
सीपी सिंह ने कहा कि झारखंड विधानसभा के बजट सत्र से पहले नेता प्रतिपक्ष की घोषणा कर दी जाएगी। उनका कहना है कि हिंदू मान्यता के अनुसार खरमास में कोई भी शुभ कार्य नहीं किया जाता, इसलिए भाजपा ने इस प्रक्रिया को 14 जनवरी के बाद के लिए टाल दिया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि पार्टी सनातन धर्म की परंपराओं का पालन करती है और इसीलिए कोई भी महत्वपूर्ण निर्णय खरमास के बाद लिया जाएगा।
रघुवर दास की वापसी पर चर्चा
सूत्रों के अनुसार, ओडिशा के राज्यपाल पद से इस्तीफा देने के बाद रघुवर दास भाजपा की सक्रिय राजनीति में लौटने की तैयारी में हैं। चर्चा है कि खरमास के बाद उन्हें प्रदेश अध्यक्ष की जिम्मेदारी सौंपी जा सकती है। बताया जा रहा है कि पार्टी के राष्ट्रीय नेतृत्व ने इस पर सकारात्मक संकेत दिए हैं।
सत्ता पक्ष का निशाना
सत्तारूढ़ दल ने भाजपा पर नेता प्रतिपक्ष के चुनाव में देरी को लेकर सवाल उठाए हैं। हालांकि, सीपी सिंह ने कहा है कि नेता प्रतिपक्ष के बिना कोई काम रुका नहीं है और पार्टी सही समय पर निर्णय लेगी।

