Jharkhand aaj Ka Mausam : रांची : झारखंड इस वक्त कड़ाके की ठंड की गिरफ्त में है, जहां तापमान ने इस सीजन के सारे रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। पश्चिमी विक्षोभ के असर से शीतलहर ने ऐसा किया है कि कई इलाकों में घास पर बर्फ जम गई और जनजीवन ठिठुरने को मजबूर हो गया है। खासकर गुमला, पलामू और लातेहार जैसे जिलों में हाड़ कंपा देने वाली सर्दी ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित किया है।
मौसम विज्ञान केंद्र (IMD) ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए आज झारखंड के 6 जिलों में ऑरेंज अलर्ट और 6 जिलों में येलो अलर्ट जारी किया है। सुबह और रात के समय तेज ठंडी हवा और घने कोहरे के कारण कनकनी बढ़ गई है, जबकि दिन में मौसम शुष्क बना रह सकता है।
Jharkhand Ka weather : 6 जिलों में शीतलहर का ऑरेंज अलर्ट
मौसम विभाग के अनुसार, पलामू, गढ़वा, चतरा, हजारीबाग, लातेहार, लोहरदगा और गुमला जिलों में शीतलहर चलने की प्रबल संभावना है। इन जिलों में न्यूनतम तापमान सामान्य से काफी नीचे चला गया है, जिसके कारण IMD ने ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। इन इलाकों में ठंड से बचाव के लिए विशेष सतर्कता बरतने की सलाह दी गई है।
6 जिलों में येलो अलर्ट, सुबह-शाम बढ़ेगी ठंड
रांची, रामगढ़, बोकारो, खूंटी, सिमडेगा और पश्चिमी सिंहभूम जिलों में भी ठंडी हवाओं का असर देखा जा रहा है। हालांकि यहां स्थिति अपेक्षाकृत कम गंभीर है, लेकिन शीतलहर की संभावना को देखते हुए येलो अलर्ट जारी किया गया है। मौसम विभाग के अनुसार, अहले सुबह और देर रात ठंड का असर ज्यादा रहेगा, जिससे बुजुर्गों और बच्चों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है।
मकर संक्रांति तक जारी रहेगा ठंड का कहर
मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले तीन दिनों में न्यूनतम तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस की अस्थायी बढ़ोतरी हो सकती है, लेकिन इसके बाद फिर तापमान में 2 से 3 डिग्री की गिरावट दर्ज की जाएगी। ऐसे में मकर संक्रांति और टूसू पर्व के दौरान भी झारखंड में ठंड का प्रकोप रहने की संभावना है। मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक, पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से ठंडी हवाएं लगातार राज्य में प्रवेश कर रही हैं।
मैक्लुस्कीगंज और कांके में जमी ओस, बर्फ जैसी दिखी घास
शुक्रवार को मैक्लुस्कीगंज और कांके में ठंड ने नया रिकॉर्ड बना दिया। तापमान गिरने के कारण कई इलाकों में ओस की बूंदें जमकर बर्फ में तब्दील हो गईं। मैक्लुस्कीगंज के लपरा इलाके में तापमान माइनस 2.0 डिग्री सेल्सियस तक दर्ज किया गया, जबकि विकासनगर में माइनस 1.5 डिग्री और राणा कंट्री कॉटेज क्षेत्र में 0.2 डिग्री सेल्सियस न्यूनतम तापमान रहा। कांके के कई इलाकों में घास और पुआल पर जमी ओस सफेद चादर जैसी नजर आई।

