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Jharkhand Education : अब हर साल बच्चों को नि:शुल्क मिलेगा स्कूल बैग

Jharkhand Education : यह निर्णय नि:शुल्क एवं अनिवार्य बाल शिक्षा का अधिकार अधिनियम-2009 के प्रावधानों को और प्रभावी बनाने के उद्देश्य से लिया गया है।

by Mujtaba Haider Rizvi
school bags
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Jamshedpur : स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता विभाग ने झारखंड के सरकारी विद्यालयों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों के हित में एक अहम निर्णय लिया है। नए संशोधित संकल्प के तहत अब कक्षा 1 से 8 तक के सभी छात्रों को हर वर्ष मुफ्त स्कूल बैग उपलब्ध कराया जाएगा। जबकि, पहले यह सुविधा प्रत्येक दो वर्ष में एक बार दी जाती थी।

यह निर्णय नि:शुल्क एवं अनिवार्य बाल शिक्षा का अधिकार अधिनियम-2009 के प्रावधानों को और प्रभावी बनाने के उद्देश्य से लिया गया है। सरकार का मानना है कि इससे बच्चों के शैक्षणिक अधिकार मजबूत होंगे और उन्हें पढ़ाई के लिए आवश्यक संसाधन आसानी से मिल सकेंगे। राज्य सरकार पहले से ही सरकारी स्कूलों के छात्रों को मुफ्त पाठ्य-पुस्तकें, स्कूल ड्रेस और अन्य शैक्षणिक सामग्री उपलब्ध कराती रही है।

अब हर वर्ष स्कूल बैग देने की व्यवस्था जुड़ने से छात्रों और उनके अभिभावकों को अतिरिक्त आर्थिक राहत मिलेगी। इस प्रस्ताव को हाल ही में आयोजित मंत्रिपरिषद की बैठक में मंजूरी दे दी गई है और इसे लागू करने के निर्देश भी जारी कर दिए गए हैं। सरकार के अनुसार इस निर्णय से राज्य के लाखों स्कूली बच्चों को सीधा लाभ मिलेगा और उनकी शिक्षा को और अधिक सुगम बनाने में मदद मिलेगी।

राज्य स्तर पर जारी होगी निविदा, लेकिन आपूर्ति जिला स्तर पर होगी

झारखंड सरकार ने स्कूली बच्चों को मिलने वाले मुफ्त स्कूल बैग की योजना के क्रियान्वयन में महत्वपूर्ण बदलाव किया है। पहले बैग की आपूर्ति और भुगतान की प्रक्रिया जिला स्तर पर होती थी, जिससे अक्सर देरी की स्थिति उत्पन्न होती थी। नई व्यवस्था के तहत अब झारखंड शिक्षा परियोजना परिषद राज्य स्तर पर ही निविदा जारी करेगी, दर निर्धारित करेगी और बैग की आपूर्ति सुनिश्चित करेगी। इसके साथ ही आपूर्तिकर्ताओं को भुगतान भी सीधे राज्य स्तर से किया जाएगा। सरकार का मानना है कि इस नई प्रणाली से प्रक्रिया में पारदर्शिता आएगी और समय की बचत होगी। पहले राज्य के 24 जिलों में अलग-अलग प्रक्रियाओं के कारण समन्वय की कमी और देरी देखने को मिलती थी, जिसे अब समाप्त करने का प्रयास किया गया है। इस बदलाव से योजना का लाभ समय पर छात्रों तक पहुंच सकेगा।

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