नई दिल्ली : Lalu Yadav On Modi Government : बाबा साहेब के संविधान एवं आरक्षण की धज्जियां उड़ाते हुए नरेंद्र मोदी और उसके सहयोगी दलों की सलाह से सिविल सेवा कर्मियों की जगह अब संघ लोक सेवा आयोग ने निजी क्षेत्र से संयुक्त सचिव, उप-सचिव और निदेशक स्तर पर नियुक्ति के लिए सीधी भर्ती का विज्ञापन निकाला है।

भाजपा सरकार पर बरसे लालू प्रसाद, एक्स पर लिखते हुए कहा है कि ‘कारपोरेट में काम कर रहे बीजेपी की निजी सेना यानी खाकी पैंट वालों को सीधे भारत सरकार के महत्त्वपूर्ण मंत्रालयों में उच्च पदों पर बैठाने का यह “नागपुरिया मॉडल” है। संघी मॉडल के तहत इस नियुक्ति प्रक्रिया में दलितों, पिछड़ों और आदिवासियों को आरक्षण का कोई लाभ नहीं मिलेगा। वंचितों के अधिकारियों में एनडीए के लोग डाका डाल रहे हैं’।
बता दें कि यूपीएससी की ओर से जारी संबंधित अधिसूचना में कहा गया है कि संयुक्त सचिव, निदेशक और उप सचिव के 45 पदों पर लेटरल एंट्री यानी सीधी भर्ती की जाएगी। आवेदकों को यूपीएससी की परीक्षा पास नहीं करनी पड़ेगी। यह नौकरी तीन वर्ष के अनुबंध पर रहेगी। इच्छुक उम्मीदवार ऑनलाइन मोड में 17 सितंबर 2024 तक संघ लोक सेवा आयोग की आधिकारिक वेबसाइट के माध्यम से आवेदन कर सकते हैं। चयनित आवेदकों को दिल्ली में केंद्रीय मंत्रालयों/विभागों के मुख्यालय में तैनात किया जाएगा।

