प्रयागराज : उत्तर प्रदेश की योगी सरकार महाकुंभ 2025 को हर दृष्टि से सफल और सुरक्षित बनाने के लिए युद्धस्तर पर तैयारियों में जुटी हुई है। इस बार महाकुंभ के आयोजन में सुरक्षा, व्यवस्था और श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए एक अत्याधुनिक कंट्रोल रूम स्थापित किया जा रहा है। खास बात यह है कि इस कंट्रोल रूम का निर्माण बॉलीवुड के मशहूर आर्ट डायरेक्टर द्वारा किया जा रहा है, जो इसे महाकुंभ के अनुकूल और अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस बनाने का दावा कर रहे हैं।
बॉलीवुड के आर्ट डायरेक्टर द्वारा तैयार होगा कंट्रोल रूम
महाकुंभ के आयोजन के लिए बनाए जा रहे इस कंट्रोल रूम का डिज़ाइन बॉलीवुड के प्रसिद्ध आर्ट डायरेक्टर पवन पांडे तैयार कर रहे हैं। पांडे का कहना है कि यह कंट्रोल रूम विशेष सुविधाओं से लैस होगा और इसे महज सात दिनों में तैयार कर लिया जाएगा। इस कंट्रोल रूम में आधुनिक तकनीक का उपयोग किया जाएगा ताकि हर स्थिति की मॉनिटरिंग और रणनीति तुरंत बनाई जा सके।
50 अफसरों के लिए अलग-अलग केबिन
अपर मेलाधिकारी विवेक चतुर्वेदी ने बताया कि कंट्रोल रूम में 50 से अधिक अफसरों के लिए अलग-अलग केबिन बनाए जाएंगे। इन केबिनों में सुरक्षा, प्रशासन, चिकित्सा, पेयजल जैसे महत्वपूर्ण कार्यों की निगरानी की जाएगी। कंट्रोल रूम में वीआईपी मीटिंग और कॉन्फ्रेंस हॉल भी बनाए जा रहे हैं, ताकि किसी भी स्थिति में त्वरित निर्णय लिया जा सके।
हर गतिविधि पर निगरानी: ड्रोन से भी होगी जांच
महाकुंभ में आने वाले करोड़ों श्रद्धालुओं की सुरक्षा और व्यवस्था को सुनिश्चित करने के लिए इस कंट्रोल रूम से हर गतिविधि पर निगरानी रखी जाएगी। इसके लिए ड्रोन का भी इस्तेमाल किया जाएगा, जो महाकुंभ के हर हिस्से पर लगातार नज़र रखेगा। कंट्रोल रूम के चारों ओर ड्रोन से निगरानी की जाएगी, ताकि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत कार्रवाई की जा सके।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की पहल
महाकुंभ के आयोजन में किसी भी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर मेला प्राधिकरण ने कई विशेष इंतजाम किए हैं। मुख्यमंत्री ने इस कंट्रोल रूम को अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस करने के लिए व्यक्तिगत तौर पर निगरानी रखी है, ताकि महाकुंभ के आयोजन को एक मॉडल उदाहरण बनाया जा सके।
महाकुंभ की रणनीति: सुरक्षा से लेकर जनसुविधा तक
महाकुंभ में आने वाले श्रद्धालुओं की सुरक्षा से लेकर उनके आरामदायक अनुभव तक सभी पहलुओं पर विचार किया जा रहा है। कंट्रोल रूम से रणनीति बनाई जाएगी और सरकारी अधिकारियों के साथ लगातार बैठकें की जाएंगी। इसके अलावा, मीडिया के लिए भी एक विशेष ब्लॉक तैयार किया जा रहा है, ताकि महाकुंभ से जुड़ी जानकारी समय पर उपलब्ध कराई जा सके।

