नवगछिया : बिहार के भागलपुर जिले के नवगछिया इलाके में गुरुवार देर रात सनसनीखेज वारदात सामने आई है। रंगरा थाना क्षेत्र के भवानीपुर में काली स्थान के समीप दो दोस्तों के बीच झगड़े के बाद फायरिंग की घटना में दोनों की गोली लगने से मौत हो गई। मृतकों की पहचान करण पोद्दार (30 वर्ष, पिता सुनील पोद्दार) और शुभम मिश्रा के रूप में हुई है। इस घटना ने इलाके में दहशत का माहौल पैदा कर दिया है।
घटनास्थल पर मौजूद था तीसरा युवक
एसपी प्रेरणा कुमार ने कहा कि दो युवकों ने आपसी विवाद में एक-दूसरे को गोली मार दी है। दोनों की मौत हो गई है। घटनास्थल पर एक और युवक के होने की बात सामने आ रही है, जो मृतकों के बीच विवाद के समय वहां मौजूद था। उसकी गिरफ्तारी के लिए छापेमारी की जा रही है।
कहासुनी के बाद बिगड़ा मामला, चला दीं ताबड़तोड़ गोलियां
गुरुवार रात करीब 9 बजे करण और शुभम अपने एक अन्य साथी के साथ गांव के काली मंदिर के पास स्थित कुएं पर बैठे थे। इसी दौरान करण और शुभम के बीच किसी बात को लेकर कहासुनी हो गई। देखते ही देखते विवाद इतना बढ़ गया कि दोनों आपस में उलझ पड़े। हाथापाई के बाद दोनों ने एक-दूसरे पर ताबड़तोड़ गोलियां चलानी शुरू कर दीं।
गोली लगने के बाद भी भागने की कोशिश
बताया जा रहा है कि गोली लगने के बाद शुभम ने भागने की कोशिश की, लेकिन वह सफल नहीं हो सका। उसे एक गोली सीने में और एक गोली हाथ में लगी। वहीं, करण को तीन गोलियां सीने में मारी गईं। घटनास्थल पर मौजूद लोगों के अनुसार, जब करण ने शुभम पर गोली चलाई, तो शुभम के साथ मौजूद तीसरे युवक ने भी करण पर फायरिंग कर दी। इस गोलीबारी में दोनों युवक बुरी तरह से घायल हो गए और मौके पर ही उनकी मौत हो गई। तीसरा युवक अंधेरे का फायदा उठाकर घटनास्थल से फरार होने में कामयाब रहा।
एक-दूसरे से 50 मीटर दूर पड़े थे शव
घटनास्थल पर पहुंचे स्थानीय निवासी सौरभ ने बताया कि दोनों युवकों के शव लगभग 50 मीटर की दूरी पर पड़े थे। करण के शव के पास खून बिखरा हुआ था, जबकि शुभम के शव के पास खून नहीं था। दोनों शवों को आनन-फानन में मायागंज अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
10 राउंड चलीं गोलियां, पुलिस ने बरामद किए खाली कारतूस
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का मुआयना किया। पुलिस ने वहां से कई खाली कारतूस बरामद किए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि घटनास्थल पर 10 से अधिक राउंड गोलियां चली हैं और सभी गोलियां पिस्टल से फायर की गई हैं।
मां ने राजनीतिक षड्यंत्र का लगाया आरोप
मृतक शुभम मिश्रा की मां प्रेमलता देवी अपने बेटे की मौत की खबर सुनकर मायागंज अस्पताल पहुंची, जहां वह अपने बेटे के शव से लिपटकर बिलख-बिलखकर रोने लगीं। उन्होंने इस घटना को राजनीतिक षड्यंत्र बताते हुए अपने बेटे की हत्या का आरोप लगाया है। शुभम की बहन ने बताया कि “खाना खाने के बाद शुभम घर से निकला था। मां ने उसे रोकने की कोशिश भी की, लेकिन वह नहीं माना।”
नहीं सुनी मां की बात, निकल गया घर से
शुभम की मां ने रोते हुए कहा, “मैं उसे बार-बार कह रही थी कि खाना खाकर निकलना, लेकिन वह नहीं रुका। हमने उसे रोका भी था। अगर वह 10 मिनट भी रुक जाता, तो आज मेरा बेटा मेरे पास होता। यह राजनीतिक षड्यंत्र के तहत उसे मारा गया है, मेरा तो अब घर उजड़ गया।”
स्थानीय लोगों के बीच चर्चा है कि मृतक करण पिछले कई सालों से इलाके में स्मैक के धंधे में लिप्त था और अक्सर नशे की हालत में रहता था। वहीं, शुभम भी इस धंधे से जुड़ा हुआ था। हालांकि, दोनों के बीच लंबे समय से अनबन चल रही थी और उनके बीच बातचीत भी बंद थी। शुभम एक स्थानीय स्कूल में शिक्षक भी था, जबकि करण नशे के कारोबार के अलावा कुछ नहीं करता था। करण की शादी दो साल पहले हुई थी और उसका एक साल का बेटा भी है।
फिलहाल, पुलिस इस पूरे मामले की गहन जांच में जुटी हुई है। नवगछिया की एसपी प्रेरणा कुमार ने बताया कि घटना की जांच की जा रही है और दो युवकों की मौत हुई है। उन्होंने कहा कि विवाद किस वजह से हुआ, इसकी जांच चल रही है। एसपी ने यह भी बताया कि घटनास्थल पर एक और युवक के मौजूद होने की जानकारी मिली है, जिसकी तलाश जारी है।

