मणिपुर: मणिपुर में महिलाओं के साथ हुई दरिंदगी की घटना ने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया है। कुकी और मैतयी समुदाय का विवाद अपने चरम पर पहुंच गया है। अब ताजा मामला कुकी समुदाय की दो महिलाओं को नग्न कर घुमाने व उनके साथ दरिंदगी करने का एक वीडियो सोशल मीडिया में वायरल होने के बाद देश के लोगों में वहां की सरकार की नाकामियों पर जबरदस्त गुस्सा फूट पड़ा है। वीडियो में दो महिलाओं को नग्न कर युवकों द्वारा सरेआम सड़क पर घुमाया जा रहा है। मणिपुर की इस घटना ने देश में महिलाओं की सुरक्षा के तमाम दावे पर कालीख पोत दी है।
इस घटना पर कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने बुधवार को ट्वीट कर केंद्र सरकार को कटघरे में खड़ा किया। दर्दनाक घटना पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ने आज मणिपुर के लोगों को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि हमारा हृदय पीड़ा से भरा हुआ है, क्रोध से भरा हुआ है। मणिपुर की जो घटना सामने आयी है,वो इंसानियत को शर्मसार करने वाली है। इस कृत्य को जिन्होंने अंजाम दिया है उन्हें बख्शा नहीं जायेगा।

इस घटना से पूरा देश शर्मसार हुआ है। उन्होंने सभी राज्य सरकारों से ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए कठोरतम कार्रवाई करने की बात कही। उन्होंने कहा कि नारी का सम्मान सर्वोपरी है। मणिपुर की बेटियों के साथ जो हुआ है इसे कभी माफ नहीं किया जा सकता।
चिराग पासवान ने कहा- केंद्र सरकार अविलंब करें कठोर कार्रवाई :
इस घटना पर लोक जन शक्ति पार्टी रामविलास के अध्यक्ष चिराग पासवान ने ट्वीट कर कहा कि मणिपुर में महिलाओं के साथ हुई दरिंदगी मानवता को शर्मसार करने वाली घटना है। एक तरफ हम लोग नारी सशक्तिकरण की बात करते हैं और दूसरी ओर ऐसी घटनाएं पूरे समाज को कलंकित करने वाली हैं। मैं केंद्र सरकार से मांग करता हूं कि दोषियों पर इतनी कठोर कार्रवाई की जाये कि भविष्य में ऐसी घटनाएं फिर ना हो।
दूसरे राज्यों की तुलना करने पर भड़का विपक्ष :
मणिपुर की घटना पर प्रधानमंत्री द्वारा राजस्थान व छत्तीसगढ़ जैसे राज्यों का जिक्र करने पर कांग्रेस प्रवक्ता सुप्रिया श्रीनेत ने हमला बोला है। कहा कि अपनी नाकामियों को दूसरे राज्यों के माथे पर मत लपेटिये प्रधानमंत्री जी । मणिपुर की घटना ने जिस तरह देश को शर्मसार किया है, उसको लेकर सबसे पहले प्रधानमंत्री देश के लोगों से माफी मांगें। वो देश के लोगों से इस बात के लिए भी मांफी मांगें की दो माह से मणिपुर जल रहा है और एक शब्द क्यों नहीं बोले।
मणिपुर के सैकड़ों लोगों की जानें चली गयी। आज मणिपुर जैसी जघन्य घटना होने पर दूसरे राज्यों को बदनाम कर सिर्फ वोट और चुनावी राजनीति कर रहे हैं। अगर प्रधानमंत्री को मणिपुर की फिक्र है तो वहां के मुख्यमंत्री का इस्तीफा क्यों नहीं ले रहे हैं? मुख्यमंत्री को राज्य को रौंदने के लिए क्यों छोड़ दिया है। सुप्रिया श्रीनेत ने कहा कि आज संसद सत्र शुरू होने से पहले PM मोदी ने 8 मिनट 25 सेकेंड कासंबोधन दिया। इस संबोधन में PM मोदी , मणिपुर पर केवल 36 सेकेंड बोले, फिर छत्तीसगढ़ और राजस्थान पर राजनीति करने लगे।
सोशल मीडिया पर प्रधानमंत्री को किया ट्रोल
ट्वीटर पर डॉ पूजा त्रिपाठी नाम की यूजर ने लिखा- जानते हैं नंगा किसे किया जा रहा है सरकार रूपी मृत संस्था को। कैसे नोचा जा रहा, घसीटा जा रहा है समाज की शर्मिंदगी को, हमारी आंखों की पानी को। रेप किसका हुआ है सरकार का, जिम्मेदार का और पद पर बैठे लोगों की प्रतिष्ठा का। आदमखोर बना दिया है आपने इस देश को।

जाने माने टीवी पत्रकार अजीत अंजुम ने टि्वटर पर लिखा है- प्रधानमंत्री मोदी जी , मणिपुर में महिलाओं के साथ हुई बर्बरता की तस्वीरें जरुर आप तक भी पहुंची होंगी। तस्वीरें देखकर कोई भी इंसान हिल जायेगा। कांप जायेगा। क्या आपकी आत्मा नहीं कचोटतीं है ?पहली बार ट्विटर जब मैंने उन महिलाओं की ब्लर तस्वीर देखीं तो तुरंत मोबाइल बंद कर दिया। थोड़ी देर तक विचलित रहा ,ये सोचकर कि क्या गुजरी होगी उन महिलाओं पर। ऐसी स्थिति क्यों हुई ? कौन ज़िम्मेदारी लेगा ?

अब तक आपने न तो मणिपुर पर कोई बयान दिया है, न ही जाना जरुरी समझा है।क्या अब भी आपको नहीं लगता कि एक बार कम से कम मणिपुर जाना चाहिए ? आप दुनिया घूम रहे हैं । चुनावी रैलियां भी कर रहे हैं। भानुमति का कुनबा भी बना रहे हैं। बस मणिपुर नहीं जा रहे हैं। न ही वहां के लोगों के जख़्मों पर मरहम लगा रहे हैं।
पप्पू यादव ने ट्वीट करते हुए कहा-प्रधानमंत्री गद्दी छोड़ो! कहा-आप प्रधानमंत्री के लायक हैं? आज महीनों से मणिपुर में चल रही भीषण दरिंदगी के बाद मणिपुर का पहली बार नाम लिया भी तो वोट की राजनीति तक ही सीमित रहे। मणिपुर के साथ राजस्थान और छत्तीसगढ़ का नाम लेकर इस व्यक्ति ने साबित कर दिया कि मणिशंकर अय्यर जी ने जो इनके बारे में कहा था, यह उससे भी बढ़कर अधम हैं। इन्होंने आज राजस्थान और छत्तीसगढ़ का अपमान किया है। इसके लिए वहां की जनता से सार्वजनिक माफी मांगनी होगी!
छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने ट्वीट करते हुए कहा-मणिपुर की घटना मानवता की आत्मा को झकझोर देने वाली घटना है।

देश के प्रधान के रूप में जब ऐसी घटना पर एक मजबूत स्टैंड लेना चाहिए तब भी प्रधानमंत्री जी को चुनाव प्रचार दिखाई दे रहा है। यह बहुत दुर्भाग्यजनक है।छत्तीसगढ़ को बदनाम करने के प्रयास को छत्तीसगढ़ की जनता बर्दाश्त नहीं करेगी।

राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने ट्वीट कर कहा- हमारे लिए महिलाओं की सुरक्षा और सम्मान से बढ़कर कुछ भी नहीं है। जोधपुर में भयानक गैंग रेप के बाद तीन आरोपियों को महज दो घंटे में गिरफ्तार कर लिया गया था। वहीं भाजपा को मणिपुर की शर्मनाक घटना में सिर्फ एक आरोपी को पकड़ने में 77 दिन लग गये।

अपराध पर जवाब देने का समय-
कांग्रेस का – दो घंटा
भाजपा का- 77 दिन
दिल्ल के मुख्यमंत्री अरविंद केजरिवाल ने ट्वीट कर कहा-मणिपुर की वारदात बेहद शर्मनाक और निंदनीय है। भारतीय समाज में इस तरह की घिनौनी हरकत बर्दाश्त नहीं की जा सकती। मणिपुर के हालात बेहद चिंताजनक बनते जा रहे हैं। मैं प्रधानमंत्री जी से अपील करता हूं कि वे मणिपुर के हालातों पर ध्यान दें।

इस वारदात की वीडियो में दिख रहे दोषियों पर कड़ी से कड़ी कार्रवाई करें। भारत में ऐसे आपराधिक प्रवृत्ति के लोगों के लिए कोई जगह नहीं होनी चाहिए।


