पॉलिटिकल डेस्क/ MP Politics : आगामी लोकसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक दलों के बीच संभावित फायदे-नुकसान का आकलन कर मिलकर चुनाव लड़ने की संभावनाएं तलाशने का काम जोरशोर से चल रहा है। इसी बीच मध्य प्रदेश की राजनीति से जुड़ी बड़ी खबर सामने आई है।

आगामी लोकसभा चुनाव के लिए प्रदेश में समाजवादी पार्टी और कांग्रेस के बीच गठबंधन होने की जानकारी सामने आ रही है। बताया जा रहा है कि सीट शेयरिंग को लेकर दोनों दलों में सहमति बन गई है।
पूर्व की बैठक में नहीं बन पाई थी सहमति
राज्यसभा चुनाव के दौरान भी सपा व कांग्रेस के बीच लंबी बैठक हुई थी। हालांकि सीट शेयरिंग को लेकर सहमति नहीं बन पाई थी। उस बैठक के समाप्त होने बाद अखिलेश यादव और कांग्रेस नेताओं ने एक दूसरे पर काफी तल्ख टिप्पणी भी की थी। मध्य प्रदेश भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा खजुराहो लोकसभा क्षेत्र से सांसद हैं। अब देखना यह होगा कि इस महामुकाबले में किसकी जीत होगी।
MP Politics : यादव मतदाताओं के वोट बैंक पर फोकस
मध्य प्रदेश में एसपी-कांग्रेस गठबंधन के समर्थकों का कहना है कि अगर दोनों पार्टियां एक साथ आती हैं और अखिलेश यादव समेत सभी प्रमुख नेता एक मंच पर प्रचार करते हैं तो इससे यादव मतदाताओं को एकजुट करने में मदद मिलेगी। इससे आख़िरकार कांग्रेस को ही फ़ायदा होगा। वहीं, सपा राष्ट्रीय पार्टी का दर्जा हासिल करने की दिशा में आगे बढ़ेगी।
क्या कहते हैं सपा के प्रदेश अध्यक्ष
सपा प्रदेश अध्यक्ष नरेश उत्तम पटेल ने कहा कि सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने सबके सामने गठबंधन के स्वरूप को रखा है। इससे पूरे देश खुशी का माहौल है। हमारे देश में लोकतांत्रिक व्यवस्था को और संविधान के स्वरूप को अगर कोई कमजोर करेगा जनता उसे चुनाव में सबक सिखाएगी।
लोकसभा चुनाव में बहुत काम होगा। ऐसे समय में भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस और समाजवादी पार्टी ने मिलकर सीटें तय की हैं। यह गठबंधन भ्रष्टाचार और देश में बढ़ती बेरोजगारी, कमजोर अर्थव्यवस्था और गरीब लोगों को लेकर आवाज उठाएगा। 2024 के चुनाव में भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस और समाजवादी पार्टी मिलकर मुकाबला करेंगे।
READ ALSO : Congress SP Alliance: सपा और कांग्रेस में बन गयी बात! बनारस से प्रत्याशी वापस लेंगे अखिलेश

