Jamshedpur : रेल राज्य मंत्री के प्राईवेट सेक्रेटरी झारखंड कैडर के IAS अधिकारी डॉ.शांतनु अग्रहरि का फर्जी फेसबुक आईडी साइबर ठगों ने बनाया है। साइबर ठग इस फर्जी आईडी के जरिए अलग-अलग लोगों को फ्रेड रिक्वेस्ट भेज रहे हैं। फर्जी आईडी बनाए जाने की जानकारी इन्होंने खुद अपने फेसबुक पर दी है। मामले की जानकारी मिलने के बाद डॉ. अग्रहरि ने लोगों से सतर्क रहने का आग्रह किया है। गौरतलब है कि इससे पहले भी इनके तीन और फर्जी अकाउंट्स बनाए गए थे।

डाॅ. शांतनु अग्रहरि 2012 बैच के आईएएस अधिकारी हैं। वह पश्चिम सिंहभूम, जामताड़ा और पलामू के डीसी रह चुके हैं। इसके अलावा रांची नगर निगम के आयुक्त रहे हैं। वह वर्तमान में केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर हैं। इसके पहले साल वर्ष 2021 में डॉ शांतनु अग्रहरि को सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्रालय के कैबिनेट मिनिस्टर का प्राइवेट सेक्रेटरी बनाया गया था। डॉक्टर शांतनु अग्रहरि मूल रूप से उत्तर प्रदेश के रहने वाले हैं। वह जामताड़ा जिले के भी डीसी रह चुके हैं। डॉ शांतनु अग्रहरि झारखंड सरकार के स्वास्थ्य विभाग में भी रहे हैं।
उन्हें तब स्वास्थ्य विभाग का ओएसडी बनाया गया था। इसके अलावा, वह खाद्य आपूर्ति विभाग में भी पदस्थापित रहे। डॉ शांतनु अग्रहरि ने मेडिकल की पढ़ाई उत्तर प्रदेश से पूरी की थी। पश्चिमी सिंहभूम में जब वह उपयुक्त थे तो उन्होंने यहां पर्यावरण के लिए काफी काम किया था। जिले में पौधरोपण अभियान चलाया था। नागरिकों को भी पौधरोपण करने के लिए प्रेरित करते थे। उन्होंने यहां ग्रीन चाईबासा क्लीन चाईबासा अभियान की शुरुआत की थी। इसके अलावा, यहां जूता बैंक शुरू कराया था।
इस बैंक में लोग जूता और अन्य फुटवियर दान करते थे और जिन लोगों के पास पैर में पहनने के लिए चप्पल या जूता नहीं होता था। उनको इस जूता बैंक से पहनने के लिए जूते दिए जाते थे। डॉक्टर शांतनु अग्रहरि के इस पहल की हर तरफ सराहना हुई थी। पश्चिमी सिंहभूम में कुछ लोगों ने कोल्हान देश की मांग शुरू की थी। यह मांग काफी पहले से हो रही थी और आए दिन धरना प्रदर्शन होते थे। डॉक्टर शांतनु अग्रहरि जब पश्चिमी सिंहभूम के डीसी बने तो उन्होंने कोल्हान देश की मांग करने वालों पर कड़ी कार्रवाई की थी।

