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Butterfly Park : इस शहर का बटरफ्लाई पार्क बन रहा अंतरराष्ट्रीय आकर्षण का केंद्र , दुनियाभर से आ रही हैं 92 प्रजातियों की तितलियां

by Rakesh Pandey
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बोधगया : बिहार के ऐतिहासिक और धार्मिक स्थल बोधगया में स्थित जयप्रकाश उद्यान का बटरफ्लाई पार्क न केवल पर्यटकों के लिए बल्कि प्रकृति प्रेमियों के लिए भी एक अनोखा आकर्षण बन गया है। यह पार्क अपनी सुंदरता और जैव विविधता के कारण अब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रसिद्ध हो चुका है। यहां आने वाले पर्यटक विभिन्न प्रकार की तितलियों को उनके प्राकृतिक परिवेश में उड़ते और खेलते हुए देख सकते हैं।

तितलियों की अद्भुत प्रजातियां

बटरफ्लाई पार्क में तितलियों की 92 अलग-अलग प्रजातियां पाई जाती हैं, जो न केवल भारत बल्कि अन्य देशों से भी यहां तक पहुंचती हैं। पार्क में आने वाली तितलियां हिमालयन क्षेत्र, चीन, अफगानिस्तान, यूरोप, सऊदी अरब जैसे दूरस्थ स्थानों से होती हैं। ये तितलियां हजारों किलोमीटर की यात्रा तय करती हैं और बोधगया के इस अद्भुत स्थल तक पहुंचती हैं। यह तितलियों की यात्रा न केवल जैव विविधता का प्रतीक है बल्कि प्रदूषण और जलवायु परिवर्तन के बढ़ते खतरों के बावजूद जीवों की जीवित रहने की क्षमता को भी दर्शाता है।

बौद्ध धर्म और तितलियों का संबंध

बोधगया के बटरफ्लाई पार्क का धार्मिक दृष्टिकोण भी बहुत गहरा है। बौद्ध धर्म में सभी जीवों की स्वतंत्रता और उनकी देखभाल को महत्व दिया गया है। यहां आने वाले पर्यटक तितलियों को पकड़कर उन्हें मुक्त करने का आनंद लेते हैं, जिससे उन्हें आध्यात्मिक शांति और पुण्य की अनुभूति होती है। खास बात यह है कि भगवान बुद्ध से जुड़ी कॉमन क्राउ तितली प्रजाति का विशेष संबंध बोधि वृक्ष से बताया जाता है। यह तितली बोधि वृक्ष से अपना जीवन चक्र पूरा करती है और इस वृक्ष पर अपने भोजन के लिए निर्भर रहती है।

तितलियों के लिए विशेष व्यवस्था

पार्क में तितलियों के लिए विशेष व्यवस्था की गई है ताकि वे सुरक्षित और संरक्षित रह सकें। यहां पर 60 प्रकार के पौधे लगाए गए हैं, जो तितलियों के लिए जरूरी होस्ट प्लांट और नेक्टर प्लांट के रूप में कार्य करते हैं। इन पौधों का मुख्य उद्देश्य तितलियों को भोजन, प्रजनन और विश्राम के लिए उपयुक्त वातावरण प्रदान करना है। बटरफ्लाई रेयरिंग सेंटर में तैनात विशेषज्ञ तितलियों की देखभाल करते हैं और नई प्रजातियों की पहचान कर उनका पालन-पोषण करते हैं।

प्रमुख तितली प्रजातियां

पार्क में मिलने वाली प्रमुख तितलियों में कॉमन मॉर्न, लाइम स्वेलोटॉल, कॉमन रोस, प्लेन टाइगर और ईस्टर्न स्ट्राइप्ड अल्बाट्रॉस जैसी प्रजातियां शामिल हैं। इन प्रजातियों को सुरक्षित रखने के लिए लैब में इनका पालन-पोषण किया जाता है और फिर प्राकृतिक वातावरण में इन्हें छोड़ा जाता है। अब तक 30 प्रजातियों की तितलियां लैब में तैयार की जा चुकी हैं और इन्हें पार्क के बाहर प्राकृतिक वातावरण में छोड़ दिया गया है।

बटरफ्लाई पार्क का पर्यावरणीय महत्व

बोधगया का यह बटरफ्लाई पार्क न केवल तितलियों के संरक्षण का प्रतीक है, बल्कि यह पर्यावरण संरक्षण का भी एक महत्वपूर्ण संदेश देता है। यहां आने वाले लोग न केवल तितलियों की सुंदरता का आनंद लेते हैं, बल्कि यह भी समझते हैं कि जैव विविधता और पारिस्थितिकी तंत्र का संरक्षण हमारे अस्तित्व के लिए कितना आवश्यक है। यह पार्क मानव और प्रकृति के बीच के संबंधों को मजबूत करने में मदद करता है, और पर्यटकों को प्राकृतिक धरोहर की अहमियत का एहसास कराता है।

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