जमशेदपुर : पूर्वी सिंहभूम जिले के सिविल सर्जन डा. जुझार माझी पूरे एक्शन में दिख रहे हैं। वे लगातार विभिन्न प्रखंडों का निरीक्षण कर वहां की स्थिति से अवगत हो रहे हैं। इसी क्रम में वे मुसाबनी स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) पहुंचे। जहां की स्थिति देख वह भी हैरान हो गए।

दरअसल, यहां बिना सूचना के 11 स्वास्थ्य कर्मी गायब थे। इसकी जानकारी चिकित्सा प्रभारी को भी नहीं थी। जिसे देख सिविल सर्जन भड़क गए। उन्होंने सभी अनुपस्थित कर्मियों का एक दिन का वेतन काटने का निर्देश दिया है।
वहीं, शोकाज भी किया गया है। जवाब संतोषजनक नहीं मिलने पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। सिविल सर्जन ने लिपिक प्रवीण महतो, एएनएम सुबासिनी बारिक, रौशनी गौमा, नीलिमा भेंगरा, रेणु कुमारी, गुड्डू कुमारी, हीरामणी, डूगी देवगम, फूलो किस्कु, बीरेंद्र सिंहदेव व सुशीला टुडू को शोकाज किया है।
सिविल सर्जन डा. जुझार माझी ने बताया कि सरकार की ओर से तमाम योजनाएं संचालित की जा रही है लेकिन उसका लाभ मरीजों को नहीं मिल पा रहा है। इसका मुख्य कारण कर्मचारियों की मनमानी रवैया है। इसकी जांच नियमित रूप से की जा रही है। इस दौरान जो भी कर्मचारी अनुपस्थित पाए जाएंगे उनके खिलाफ सख्ती के साथ कार्रवाई की जाएगी।
सिविल सर्जन ने कहा कि ड्यूटी को लेकर कर्मचारियों को कई बार चेतावनी दी जा चुकी है। अब कार्रवाई का समय आ गया है। विभाग ने जिला प्रोग्राम मैनेजर (डीपीएम) को भी हर माह कम से कम चार बार विभिन्न प्रखंडों का भ्रमण करने का निर्देश दिया है। इसमें किसी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

