Ramgarh: यूजीसी के नए नियमों का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। राष्ट्रीय सवर्ण आर्मी ने इसके विरोध में एक फरवरी को भारत बंद का ऐलान किया है। झारखंड में भी सवर्ण आर्मी ने इस भारत बंद को समर्थन देने की घोषणा की है। इसे लेकर शुक्रवार को होटल मनोहर रेजिडेंसी के सभागार में सवर्ण आर्मी की बैठक हुई। इस बैठक में सवर्ण समाज से आग्रह किया गया कि वह यूजीसी के नए नियमों के विरोध में एक फरवरी को भारत बंद को सफल बनाएं। अपने प्रतिष्ठान बंद रखें। बैठक में वक्ताओं ने बताया कि सुप्रीम कोर्ट ने इन नए नियमों को न्याय संगत नहीं माना है और 19 मार्च तक भारत सरकार से अपना पक्ष प्रस्तुत करने को कहा है।

सुप्रीम कोर्ट के फैसले का स्वागत
सवर्ण समाज ने सुप्रीम कोर्ट के फैसले का स्वागत किया और न्यायालय का आभार व्यक्त किया। बैठक में फैसला लिया गया कि राष्ट्रीय सवर्ण आर्मी से जो भी दिशा निर्देश प्राप्त होंगे उसी के अनुसार आंदोलन को आगे बढ़ाया जाएगा। तय किया गया कि भारत बंद के मौके पर रामगढ़ ही नहीं झारखंड के सभी जिलों में बंद रहेगा।
जिन्हें सवर्ण समाज ने हमेशा वोट दिए वह राजनीतिक दल भी चुप
बैठक में इस बात पर अफसोस जताया गया कि जिन राजनीतिक दलों को सवर्ण समाज ने वर्षों तक समर्थन दिया आज वही दल समाज की गंभीर समस्या पर चुप हैं। वक्ताओं ने कहा कि सरकार के गलत फैसलों का विरोध करना विपक्ष का कर्तव्य है। लेकिन इस मुद्दे पर कोई भी सियासी पार्टी खुलकर सामने नहीं आ रही है। सवर्ण समाज ने कहा कि वह सिर्फ वोट बैंक नहीं हो सकते। अब समाज ने निर्णय लिया है कि आने वाले चुनाव में किसे वोट देना है और किसे नहीं, इस पर गंभीरता से विचार किया जाएगा।
अब हर महीने होगी सवर्ण आर्मी की मीटिंग
बैठक में फैसला लिया गया कि रामगढ़ में सवर्ण समाज की बैठक हर महीने आयोजित होगी। ताकि समाज के मुद्दों पर सामूहिक रणनीति तैयार हो। इस मीटिंग में सवर्ण आर्मी के प्रदेश उपाध्यक्ष डॉ रोहित कुमार वर्मा और जिला अध्यक्ष अशोक कुमार पांडे के अलावा अभिषेक सिंह, महेश मिश्रा, अनुज तिवारी, हरे राम शर्मा, विकास पांडे आदि मौजूद रहे।

