Ranchi : झारखंड में शीतलहर का कहर लगातार बढ़ता जा रहा है। आज पूरे राज्य में कड़ाके की ठंड पड़ने की संभावना है। मौसम विभाग के अनुसार बुधवार की सुबह पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने और उत्तर-पश्चिम दिशा से ठंडी हवाओं के प्रवेश के कारण तापमान में असामान्य गिरावट दर्ज की गई है। राजधानी रांची समेत कई जिलों में न्यूनतम तापमान सामान्य से कई डिग्री नीचे चला गया है, जिससे लोगों को भीषण ठंड का सामना करना पड़ रहा है।
यह जिला सबसे ठंडा
रांची जिले के मैक्लुस्कीगंज में ठंड का असर सबसे अधिक देखा गया है। यहां मंगलवार की सुबह न्यूनतम तापमान शून्य से नीचे पहुंच गया था। गोर्डन गेस्ट हाउस और लिटिल स्टार अकादमी परिसर में -1 डिग्री सेल्सियस तापमान रिकॉर्ड किया गया, जो इस मौसम की अब तक की सबसे कम रीडिंग मानी जा रही है। माइनस डिग्री तापमान के कारण सड़कें सुनसान नजर आईं और लोग अत्यावश्यक कामों के अलावा घरों से बाहर निकलने से बचते दिखे।
रांची समेत कई जिलों में न्यूनतम तापमान 2 से 3 डिग्री
राजधानी रांची में भी ठंड का प्रकोप लगातार बना हुआ है। यहां 5 किलोमीटर प्रतिघंटे की रफ्तार से चल रही ठंडी हवाएं ठिठुरन को और बढ़ा रही हैं। मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार, खूंटी, लातेहार और लोहरदगा जैसे जिलों में न्यूनतम तापमान 2 से 3 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया गया है। ग्रामीण और शहरी इलाकों में लोग अलाव का सहारा लेकर खुद को गर्म रखने को मजबूर हैं।
जनजीवन प्रभावित, स्वास्थ्य पर भी असर
झारखंड में जारी शीतलहर के कारण जनजीवन व्यापक रूप से प्रभावित हो रहा है। सुबह और रात के समय ठंड सबसे अधिक महसूस की जा रही है। बुजुर्गों, बच्चों और बीमार लोगों के लिए यह मौसम विशेष रूप से जोखिमभरा माना जा रहा है। अस्पतालों में सर्दी, खांसी और सांस संबंधी बीमारियों के मरीजों की संख्या में भी बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है।
मकर संक्रांति पर भी जारी रहेगा शीतलहर का असर
मौसम विभाग ने स्पष्ट किया है कि मकर संक्रांति के दौरान भी झारखंड में ठंड से राहत मिलने की संभावना कम है। आज और कल राज्य के कई हिस्सों में शीतलहर का प्रभाव बना रहेगा। इसी को देखते हुए भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने 13 जिलों के लिए येलो अलर्ट जारी किया है।

