Ghatshila (Jharkhand) : घाटशिला विधानसभा उपचुनाव में भाजपा से प्रत्याशी बनाए जाने की मांग तेज हो गई है। भाजपा अनुसूचित जनजाति मोर्चा की राष्ट्रीय कार्यसमिति के सदस्य एवं प्रदेश कार्यसमिति सदस्य रमेश हांसदा ने रविवार को पार्टी प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी को पत्र लिखकर अपनी दावेदारी पेश की।
उन्होंने कहा कि वे लंबे समय से भाजपा में सक्रिय रूप से कार्य कर रहे हैं और इस उपचुनाव में प्रत्याशी बनने की इच्छा रखते हैं। रमेश हांसदा ने बताया कि वर्ष 2000 से 2010 तक वे झामुमो में सक्रिय रहे और रामदास सोरेन को स्थापित करने में अहम भूमिका निभाई। इसके बाद 2011 से 2014 तक जिला अध्यक्ष रहे। वर्ष 2014 में उन्होंने झामुमो छोड़कर भाजपा जॉइन की और तत्कालीन प्रत्याशी लक्ष्मण टुडू की जीत में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। यह पहली बार था जब घाटशिला सीट पर भाजपा को सफलता मिली थी।
उन्होंने कहा कि दुमका लोकसभा चुनाव और सरायकेला विधानसभा चुनाव में भी भाजपा को जीत दिलाने में उनका योगदान रहा। कई बार पार्टी संगठन को मजबूत करने के लिए उन्होंने अपनी दावेदारी पीछे रखी।
रमेश हांसदा ने दावा किया कि संथाल समाज और आदिवासी समुदाय में उनकी मजबूत पकड़ है। घाटशिला आदिवासी बहुल इलाका है, जहां उनका गहरा जनाधार है। ऐसे में यदि उन्हें प्रत्याशी बनाया जाता है, तो वे इस सीट को भाजपा की झोली में डालने का भरोसा दिलाते हैं।

