Jamshedpur : बिष्टुपुर थाना क्षेत्र के साईं मंदिर के पास 29 जनवरी की देर रात लगभग 2:30 बजे पुलिस की कैरव गांधी अपहरण कांड के तीन आरोपियों से मुठभेड़ हो गई थी। तीनों आरोपियों ने पुलिस की कार्बाइन छीन कर पुलिस पर फायरिंग कर दी थी। जवाबी फायरिंग में तीनों आरोपी घायल हुए थे। इन आरोपियों को पुलिस ने न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है।

जिन आरोपियों को जेल भेजा गया है, उनमें नालंदा जिले के इस्लामपुर थाना क्षेत्र के माधरवेन का रहने वाला गुड्डू सिंह, सिलहरी गांव का रहने वाला इमरान आलम उर्फ आमिर और रमीज राजा शामिल हैं। इन लोगों को कोर्ट में पेश किया गया और इसके बाद जेल भेजा गया। तीनों का इलाज एमजीएम अस्पताल में चल रहा था।
बरही के पास से गिरफ्तार हुए थे तीनों
गौरतलब है कि इन तीनों को पुलिस ने हजारीबाग के चौपारण-बरही खंड के पास से तब गिरफ्तार किया था, जब यह तीनों कैरव को वहां छोड़कर भाग रहे थे। पुलिस तीनों को गिरफ्तार करके जमशेदपुर लाई थी। उनसे पूछताछ की गई थी। उन्होंने बताया था कि जब कैरव गांधी का अपहरण किया गया था तो उनके (बदमाशों) पास कुछ पिस्टल मौजूद थे। इन पिस्टल को साईं मंदिर के पास छिपा दिया गया था।
छत से कूद कर घायल हो गया था एक बदमाश
इसके बाद देर रात पुलिस इन बदमाशों को साईं मंदिर के पास पेड़ों के झुरमुट में ले गई। यहां से इन्होंने पिस्तौल बरामद कराई। लेकिन तभी एक बदमाश ने एक बिष्टुपुर थाना प्रभारी के बॉडीगार्ड की कार्बाइन छीन ली थी और पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी थी। जवाबी फायरिंग में यह तीनों घायल हुए थे। पुलिस का कहना है कि यही नहीं एक अन्य आरोपी उपेंद्र सिंह गया जी में गिरफ्तारी से बचने के लिए छत से कूद गया था। उसका पैर टूट गया था। उसका भी इलाज एमजीएम अस्पताल में चल रहा था। उसे भी जेल भेजा गया है। जबकि, दो अन्य आरोपियों मोहन प्रसाद और अर्जुन सिंह को पुलिस ने 30 जनवरी को ही न्यायिक हिरासत में भेज दिया था।

