जमशेदपुर : झारखंड के पूर्वी सिंहभूम जिला अंतर्गत बहरागोड़ा-बारीपदा (ओडिशा) मार्ग स्थित जामशोला के समीप प्रोपिलीन गैस टैंकर से रिसाव बंद कर दिया गया है। अब स्थिति सामान्य हो गई है। विशेषज्ञों की देखरेख में गैस रिसाव को नियंत्रित कर क्षतिग्रस्त टैंकर से गैस को सुरक्षित रूप से अन्य वाहन में स्थानांतरित किया गया, जिसे गंतव्य की ओर रवाना कर दिया गया है। वर्तमान में स्थिति पूर्णतः नियंत्रण में है एवं राष्ट्रीय राजमार्ग पर आवागमन सामान्य रूप से बहाल किया जा रहा है। एनएच पर वाहनों का आवागमन सामान्य हो रहा है।

इसे लेकर पूर्वी सिंहभूम के उपायुक्त कर्ण सत्यार्थी ने राहत एवं बचाव कार्य में तत्परता और समन्वय के लिए विशेषज्ञों की टीम, एनडीआरएफ, अग्निशमन विभाग, स्थानीय ग्रामीणों एवं जिला प्रशासन व पुलिस पदाधिकारियों की सराहना की। उन्होंने कहा कि सभी टीमों की त्वरित प्रतिक्रिया से संभावित खतरे को सफलतापूर्वक टाला जा सका।
Jamshedpur News : टैंकर से हुआ प्रोपिलीन गैस के रिसाव से फैल गई थी क्षेत्र में दहशत
यहां बता दें कि पूर्वी सिंहभूम जिले के बहरागोड़ा थाना क्षेत्र में एनएच-49 पर मंगलवार की सुबह एक टैंकर से प्रोपिलीन गैस का रिसाव होने लगा था। बेला-गम्हरिया चौक के बीच टैंकर से गैस रिसाव होने से क्षेत्र में दहशत का माहौल बन गया था। प्रशासन ने एनएच पर दोनों ओर से वाहनों का आवागमन रोक दिया था। इसके साथ ही एनएच के दोनों किनारे वाहनों की लंबी कतार लग गई थी। सूचना मिलते ही मौके के पर बहरागोड़ा के बीडीओ केशव भारती, अंचल अधिकारी राजाराम सिंह मुंडा तथा थाना प्रभारी शंकर प्रसाद कुशवाहा दल-बल के साथ पहुंचे थे।
बताया जा रहा है कि गैस रिसाव बंद करने के लिए ओडिशा के बालेश्वर से एक्सपर्ट को बुलाया गया था। सुरक्षा की दृष्टि से प्रशासन द्वारा फायर ब्रिगेड का इंतजाम कर मौके पर रखा गया। चालक ने बताया कि यह गैस टैंकर मथुरा से पारादीप जा रहा था। इसमें लगभग 20 टन प्रोपिलीन गैस भरा हुआ है। बहरागोड़ा के कालियाडिंगा ओवरब्रिज के नीचे दुर्घटनाग्रस्त होने से गैस का रिसाव शुरू हो गया। अंदाजा होते ही गैस टैंकर के चालक ने जान-जोखिम में डालकर घनी आबादी से दूर लाकर टैंकर खड़ा कर दिया। देर रात को टैंकर से गैस का रिसाव बंद किया गया।
ज्ञात हो कि प्रोपिलीन एक इंडस्ट्रियल गैस है, जो ज्यादातर वेल्डिंग-ब्रेजिंग के काम आता है। यदि इस दौरान आसपास कहीं आग जल रही होती, तो भयंकर दुर्घटना हो सकती थी।

