
चाईबासा : झारखंड राज्य विश्वविद्यालय एवं महाविद्यालय सेवानिवृत्त कर्मचारी संघ (कोल्हान विश्वविद्यालय इकाई) का पुनर्गठन करते हुए नई कार्यकारिणी समिति का गठन किया गया है। 9 अक्टूबर को आयोजित सेवानिवृत्त शिक्षकेतर कर्मचारियों की बैठक में सर्वसम्मति से नई कमेटी की घोषणा की गई। इसके साथ ही संघ ने कुलपति से मुलाकात का समय मांगते हुए बकाया भुगतानों के निस्तारण की मांग की है। मांगें पूरी न होने पर कर्मचारियों ने राजभवन जाने की चेतावनी दी है।
दशरथ चौबे बने अध्यक्ष, 25 सदस्यीय कार्यकारिणी गठित
पुनर्गठित कमेटी में सर्वसम्मति से पदाधिकारियों का चुनाव किया गया। इसमें अध्यक्ष दशरथ चौबे, उपाध्यक्ष पी.के. दरीपा, सचिव अमिताभ सरकार, संयुक्त सचिव नागेंद्र तिवारी, कोषाध्यक्ष डी.के. दास, सह कोषाध्यक्ष मनोहर हेंब्रम, संयोजक उत्तम कुमार चटर्जी, सह संयोजक राम विलास महतो इसके अलावा 25 सदस्यीय कार्यकारिणी समिति के सदस्यों का भी चयन किया गया है।
कुलपति से वार्ता की मांग, 4 प्रमुख मुद्दे उठाए
नवगठित संघ ने कोल्हान विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. एंजिला गुप्ता को एक मांग पत्र सौंपा है। संघ ने 7वें वेतनमान के आधार पर लंबित भुगतानों को तुरंत निपटाने का आग्रह किया है।
संघ की चार प्रमुख मांगें
– 7वें वेतनमान के अनुसार ग्रेच्युटी का भुगतान।
– 7वें वेतनमान के आधार पर लीव इनकैशमेंट का भुगतान।
– 7वें वेतनमान के अनुसार मेडिकल भत्ता भुगतान।
– बकाया महंगाई भत्ते (DA) का तुरंत भुगतान।
मांगें पूरी नहीं हुईं तो, राज्यपाल से शिकायत की चेतावनी
संघ के अध्यक्ष दशरथ चौबे ने कहा कि 7वें वेतनमान का लाभ लंबे समय से न मिलने के कारण सेवानिवृत्त कर्मचारी गंभीर आर्थिक तंगी का सामना कर रहे हैं। वहीं, सचिव अमिताभ सरकार ने नाराजगी जताते हुए कहा कि विश्वविद्यालय प्रशासन के पास अन्य आयोजनों के लिए फंड उपलब्ध है, लेकिन जिन कर्मचारियों ने जीवन भर सेवा दी, उनकी पेंशन और बकाए के भुगतान के लिए बजट का अभाव बताया जाता है।
संघ ने चेतावनी दी है कि यदि विश्वविद्यालय प्रशासन ने जल्द ही इन समस्याओं का समाधान नहीं निकाला, तो प्रतिनिधिमंडल राज्यपाल सह कुलाधिपति संतोष गंगवार से मिलकर औपचारिक शिकायत दर्ज कराएगा। प्रदर्शन के दौरान कर्मचारियों ने अपनी मांगों को लेकर जमकर नारेबाजी भी की।

