जमशेदपुर : ग्रेजुएट काॅलेज के प्रिंसिपल डाॅ बीएन प्रसाद काे एक महीने के अंदर ही हटा दिया गया है। उनकी जगह डाॅ वीणा सिंह प्रियदर्शी काॅलेज की नई प्रभारी प्रिंसिपल बनायी गयी हैं। काेल्हान विश्वविद्यालय की ओर से इससे संबंधित नाेटिफिकेशन बुधवार काे जारी कर दिया गया है।
डाॅ बीएन प्रसाद डाॅ वीणा प्रियदर्शी बनीं ग्रेजुएट काॅलेज की नई प्रभारी प्रिंसिपल
वहीं डाॅ बीएन प्रसाद पुन: केएस काॅलेज सरायकेला भेजा गया है। मिली जानकारी के अनुसार डाॅ वीणा प्रियदर्शी गुरूवार काे पदभार ग्रहण करेंगी। मालूम हाे कि मुकुल खंडेलवाल के 31 जुलाई काे सेवानिवृत्त हाेने के बाद केयू बिना राजभवन के अनुमति के डाॅ बीएन प्रसाद काे काॅलेज का प्रिंसिपल बनाया था।
लेकिन इसका लगातार विराेध हाे रहा था। छात्र संगठन से लेकर काॅलेज की शिक्षिकाओं में भी महिला काॅलेज में एक पुरूष काे प्रिंसिपल गलत ढंग से बनाए जाने काे लेकर नाराजगी थी। यह मामला राजभवन तक पहुंच गया था। जिसका संज्ञान लेते हुए राजभवन ने डाॅ बीएन प्रसाद के नियुक्ति काे गलत बताते हुए उनकी जगह ग्रेजुएट काॅलेज के ही वरीय शिक्षिका डाॅ वीणा सिंह प्रियदर्शी काे काॅलेज का प्रभार साैंपने का निर्देश जारी कर दिया।
छात्र संघ भी कर रहा था विराेध :
डाॅ बीएन प्रसाद काे ग्रेजुएट काॅलेज काे प्रिंसिपल बनाए जाने काे छात्रनेता भी विराेध कर रहे थे। छात्र आजसू के नेता दीपक पांडे का उनका कहना था कि विवि महिलाओं काे बराबर की भागीदारी देने की बात करता है लेकिन अग प्रिंसिपल नियुक्ति की बात करें ताे इससे महिलाओं काे माैका नहीं दिया जा रहा है। यही वजह है की केयू के 22 में से 20 काॅलेजाें में पुरूष प्रिंसिपल है। यहां तक की महिला काॅलेज में भी महिला की जगह पुरूष शिक्षक काे प्रिंसिपल बनाया जा रहा है। लेकिन अब डाॅ प्रसाद काे हटाकर महिला प्रिंसिपल की नियुक्ति के बाद छात्र संघाें ने राजभवन के फैसले का स्वागत किया है।
READ ALSO : चंद्रयान-3 की सफल लैंडिंग : दक्षिणी ध्रुव पर लैंड करने वाला भारत बना दुनिया का पहला देश

