नई दिल्ली: क्रिकेट के गलियारों से एक बड़ी खबर निकलकर सामने आ रही है। टीम इंडिया के पूर्व बल्लेबाज रॉबिन उथप्पा के खिलाफ अरेस्ट वारंट जारी किया गया है। 39 वर्षीय बल्लेबाज पर प्रोविडेंट फंड घोटाले का आरोप लगा है। यह वारंट क्षेत्रीय पीएफ आयुक्त सदाक्षरी गोपाल रेड्डी ने जारी किया है। रेड्डी की तरफ से जारी किए गए वारंट के बाद पुलकेशिनगर पुलिस को आवश्यक कार्रवाई करने का सख्त निर्देश दिया गया है।

कर्मचारियों के पीएफ में की गड़बड़ी
उथप्पा, जो एक निजी कंपनी ‘सेंचुरीज़ लाइफस्टाइल ब्रांड प्राइवेट लिमिटेड’ का प्रबंधन कर रहे थे, पर आरोप है कि उन्होंने अपने कर्मचारियों के वेतन से पीएफ का योगदान तो काटा लेकिन उसे उनके खातों में जमा नहीं किया। यह गबन कुल 23 लाख रुपये का बताया जा रहा है।
आदेश के बावजूद गिरफ्तारी नहीं
आयुक्त रेड्डी ने 4 दिसंबर को पुलकेशिनगर पुलिस को एक पत्र लिखकर वारंट को अंजाम देने के लिए कहा। हालांकि, पुलिस ने यह वारंट पीएफ कार्यालय को वापस कर दिया, क्योंकि उथप्पा ने कथित तौर पर अपना निवास स्थान बदल लिया है।
अधिकारियों ने शुरू की जांच
अब पुलिस और पीएफ विभाग रॉबिन उथप्पा का पता लगाने और कानून का पालन सुनिश्चित करने के लिए जांच कर रहे हैं। इस मामले ने क्रिकेट जगत में हलचल मचा दी है, क्योंकि उथप्पा भारतीय क्रिकेट के एक प्रमुख चेहरे रहे हैं।
यह मामला कर्मचारियों की सामाजिक सुरक्षा से जुड़ा होने के कारण गंभीर रूप से देखा जा रहा है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि दोषी पाए जाने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।

