पटना: बिहार में अपराध की बढ़ती घटनाओं को लेकर नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान से मुलाकात की और राज्य में बिगड़े कानून-व्यवस्था पर गहरी चिंता जताई। राजभवन से बाहर निकलते ही तेजस्वी ने बिहार सरकार और पुलिस प्रशासन पर जमकर हमला बोला। उन्होंने कहा कि बिहार में लॉ एंड ऑर्डर पूरी तरह से फेल हो चुका है और सरकार के खिलाफ सख्त सवाल खड़े किए।
‘बिहार में अपराधी राज, रोज हो रही हत्याएं और गोलीबारी’
तेजस्वी यादव ने राज्य में हो रही निरंतर हत्या, गोलीबारी, बलात्कार और लूट की घटनाओं का जिक्र किया। उन्होंने कहा, “बिहार में कोई दिन ऐसा नहीं है जब गोलीबारी और अपराध की घटनाएं न हो। हत्या, लूट, बलात्कार, चोरी, छिनतई, रंगदारी का दौर जारी है। पुलिस प्रशासन को जनता की सुरक्षा के बजाय अपराधियों का समर्थन मिलता है।”
तेजस्वी यादव ने यह भी आरोप लगाया कि पुलिस प्रशासन जनता के बीच भय और आतंक का माहौल बना रही है। उन्होंने कहा कि प्रति माह सैकड़ों लोगों की हत्या हो रही है और पुलिस प्रशासन जाति-धर्म के आधार पर नागरिकों पर अत्याचार कर रहा है।
‘मुसलमानों को निशाना बनाकर की जा रही प्रताड़ना’
मधुबनी में हुई एक घटना का जिक्र करते हुए तेजस्वी यादव ने कहा कि राज्य में विशेष रूप से मुसलमानों को निशाना बनाकर पुलिस द्वारा प्रताड़ित किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि अब पुलिस में भी सरकार की मानसिकता के अनुरूप कुछ लोग घुस गए हैं, जो मुसलमानों के खिलाफ हिंसा और उत्पीड़न कर रहे हैं। उन्होंने यह भी बताया कि इस मामले में कोई स्पष्ट कार्रवाई नहीं की गई, विशेष रूप से प्रशिक्षु डीएसपी गौरव गुप्ता के खिलाफ।
‘नीतीश कुमार का मौन और विश्वास का टूटना’
तेजस्वी ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर भी निशाना साधते हुए कहा कि उनका मौन और बयानबाजी से साफ हो गया है कि बिहार अब सुरक्षित हाथों में नहीं है। उन्होंने कहा, “सीएम का मौन लोगों के विश्वास को तोड़ रहा है। बिहार में अपराधियों के बचाव में राज्य और केंद्र के मंत्री लगे हुए हैं। पेपर लीक, हत्याएं और बलात्कार की घटनाएं बढ़ रही हैं, और पुलिस उनका बचाव कर रही है।”
‘भ्रष्टाचार और डीके टैक्स की चर्चा’
तेजस्वी ने बिहार में भ्रष्टाचार की गंभीर स्थिति पर भी सवाल उठाए। उन्होंने डीके टैक्स का जिक्र करते हुए कहा कि बिहार में अधिकारी पूरी तरह से भ्रष्ट हो गए हैं। उन्होंने बताया कि मधुबनी में एक मौलवी से 25000 रुपये घूस लेकर पुलिस ने उसे छोड़ दिया, जब कि उसे बेरहमी से पीटा गया था।
‘मौलवी से मुलाकात और एसपी की कार्रवाई’
तेजस्वी यादव ने इस बीच मधुबनी के बेनीपट्टी क्षेत्र में एक मौलवी मो. फिरोज से मुलाकात की, जिन्होंने बताया कि पुलिस ने उन्हें बिना किसी वजह के घर से उठाकर बेरहमी से मारा। मौलवी ने कहा कि वह मस्जिद में नमाज पढ़ते हैं और बच्चों को पढ़ाते हैं, लेकिन इसके बावजूद पुलिस ने उन्हें पकड़ लिया और पीटा।
इस मामले में एसपी ने कार्रवाई करते हुए बेनीपट्टी थाना के एएसआई, हवलदार, और अन्य पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया। इसके साथ ही प्रशिक्षु डीएसपी गौरव गुप्ता को भी पद से हटा दिया गया है। हालांकि, मौलवी के साथ पुलिस द्वारा की गई मारपीट के कारणों का अब तक कोई स्पष्ट खुलासा नहीं हो सका है।
‘सदन में होगा पर्दाफाश’
तेजस्वी यादव ने राज्य सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि विधानसभा में आगामी सत्र में सभी भ्रष्ट अधिकारियों और नेताओं का पर्दाफाश किया जाएगा। उन्होंने कहा कि सभी के खिलाफ सबूत पेश किए जाएंगे और सरकार को इस मामले में जवाब देना होगा।
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