नई दिल्लीः CBSE 12वीं टॉपर 2025 की लिस्ट में झारखंड के बोकारो जिले के एक छोटे से गांव के छात्र हिमांशु अग्रवाल ने शानदार प्रदर्शन कर मिसाल कायम की है। SAI इंटरनेशनल स्कूल, भुवनेश्वर के छात्र हिमांशु ने साइंस स्ट्रीम में 98.6% अंक हासिल कर स्कूल टॉपर बनने का गौरव प्राप्त किया। हिमांशु की यह सफलता बताती है कि अगर मेहनत, लगन और समर्पण हो, तो संसाधनों की कमी भी सफलता की राह में बाधा नहीं बन सकती।
सीमित संसाधनों में मेहनत की मिसाल बने हिमांशु
हिमांशु अग्रवाल का सफर बताता है कि सपने बड़े हों और इरादे मजबूत, तो कोई भी मंजिल मुश्किल नहीं होती। सीमित संसाधनों के बावजूद उन्होंने कठिन मेहनत और सकारात्मक सोच के बल पर यह मुकाम हासिल किया है। उनका कहना है कि उन्होंने नियमित रूप से पढ़ाई की, अपने डाउट्स क्लियर किए और हर टेस्ट के बाद आंसर शीट का विश्लेषण कर खुद को बेहतर बनाया।
शिक्षकों और परिवार का मिला पूरा सहयोग
हिमांशु की सफलता के पीछे उनके शिक्षकों और परिवार का बड़ा योगदान रहा। एक मीडिया इंटरव्यू में उन्होंने बताया, “मैं स्कूल के बाद भी अपने शिक्षकों से संपर्क करता था। मेरे पास उनके मोबाइल नंबर थे, और जब भी कोई डाउट होता, तो मैं उन्हें कॉल कर लेता था।” साथ ही, स्कूल की ओर से उपलब्ध कराई गई टेस्ट कॉपियों का गहन विश्लेषण कर उन्होंने अपनी तैयारी को और मजबूत किया।
अब AIIMS से MBBS करने का है सपना
CBSE 12वीं में टॉप करने के बाद अब हिमांशु का अगला लक्ष्य AIIMS जैसे प्रतिष्ठित संस्थान से MBBS करना है। हाल ही में उन्होंने NEET UG 2024 की परीक्षा दी है। हिमांशु का कहना है, “मेरा सपना है कि मैं एक डॉक्टर बनूं और देश के स्वास्थ्य क्षेत्र में योगदान दूं।” उनकी यह सोच और समर्पण लाखों विद्यार्थियों के लिए प्रेरणादायक है।
हिमांशु अग्रवाल की सफलता की कहानी हमें यह सिखाती है कि अगर सही मार्गदर्शन, परिवार का सहयोग और निरंतर मेहनत हो, तो कोई भी छात्र अपने लक्ष्य को हासिल कर सकता है। सीमित संसाधनों में भी ऊंची उड़ान भरने वाले हिमांशु आज देशभर के छात्रों के लिए प्रेरणा का स्रोत बन चुके हैं।

