रांची : पलामू जिला मुख्यालय के डालटनगंज रेलवे स्टेशन का नाम अब मेदिनीनगर होगा। केंद्र सरकार से सहमति मिलने के बाद झारखंड सरकार ने नाम परिवर्तन के प्रस्ताव पर गुरुवार को स्वीकृति दे दी है। कैबिनेट की बैठक में गुरुवार को कुल 40 प्रस्तावों पर मुहर लग गई है।
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की अध्यक्षता में हुई झारखंड कैबिनेट की बैठक में शिक्षा, आधारभूत संरचना, जनकल्याण और प्रशासन से जुड़े कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। कैबिनेट ने रांची स्थित वीमेंस कॉलेज परिसर में प्रस्तावित हॉस्टल का स्थल परिवर्तन किया गया है। अब अनुसूचित जाति (एससी) एवं अनुसूचित जनजाति (एसटी) की छात्राओं के लिए 528 बेड वाला हॉस्टल मोरहाबादी स्थित कल्याण परिसर के सामने बनाया जाएगा। इससे छात्राओं को बेहतर और सुलभ आवासीय सुविधा मिलेगी। इसके अलावा शिक्षा क्षेत्र में राज्य के 23 जिलों में अत्याधुनिक पुस्तकालयों की स्थापना और पुस्तकों की व्यवस्था के लिए 276 करोड़ रुपये मंजूर किए गए।
रांची के एसएस मेमोरियल कॉलेज के नए भवन के लिए 48 करोड़ रुपये और चक्रधरपुर के जेएल महाविद्यालय के भवन निर्माण के लिए 88 करोड़ रुपये की प्रशासनिक स्वीकृति भी दी गई। मानकी मुंडा छात्रवृत्ति योजना में संशोधन कर दिया है। अब इस योजना का लाभ केवल झारखंड तकनीकी विश्वविद्यालय से जुड़े महाविद्यालयों की छात्राओं तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि राज्य के बाहर तकनीकी महाविद्यालयों में पढ़ने वाली छात्राएं भी इसका लाभ उठा सकेंगी।
नेतरहाट आवासीय विद्यालय के शिक्षकों की सैलरी में वृद्धि
मंत्रिपरिषद ने राज्य में जनगणना 2027 को समयबद्ध और व्यवस्थित तरीके से पूरा करने के लिए आउटसोर्स के माध्यम से कर्मियों की नियुक्ति का निर्णय लिया है। इसके अलावा नेतरहाट आवासीय विद्यालय के शिक्षकों को पुनरीक्षित वेतनमान के साथ 20 प्रतिशत विशेष वेतन देने की भी स्वीकृति मिली। सरकार ने यह निर्णय भी लिया कि मुख्यमंत्री, मंत्री, विधायक और पूर्व विधायकों को अखिल भारतीय सेवा के अधिकारियों की तरह चिकित्सा सुविधा दी जाएगी। उनके उपचार पर होने वाले खर्च की पूरी राशि सरकार द्वारा प्रतिपूर्ति के रूप में दी जाएगी।
एनसीसी कैडेट्स के नाश्ते की राशि में वृद्धि
पलामू जिले के डाल्टनगंज रेलवे स्टेशन का नाम बदलकर मेदिनीनगर करने की मंजूरी भी बैठक में दी गई। इसके अलावा ड्राइविंग इंस्टीट्यूट के लिए धनराशि, एनसीसी कैडेट्स के नाश्ते की राशि में वृद्धि, सीमित ऑनलाइन परीक्षा नियमावली, राजकीय विश्वविद्यालय नियुक्ति नियमावली का आरक्षण रोस्टर और झारखंड सिटी टूरिस्ट टैक्स नियमावली को भी स्वीकृति दी गई।
कैबिनेट ने महिला विद्यालय सारठ को डिग्री कॉलेज में परिवर्तित करने और गोड्डा में नए महिला पॉलिटेक्निक कॉलेज के लिए 88 करोड़ रुपये की मंजूरी दी। शिशु देखभाल अवकाश के लिए पहले साल में पूरा वेतन और दूसरे साल में 80 प्रतिशत वेतन देने का निर्णय भी लिया गया। बैठक में राज्य कर्मियों की सेवा और सेवानिवृत्ति विवादों के निपटारे के लिए नई नियमावली बनाई गई, जिसमें समाधान की समय सीमा और अधिकारियों की जिम्मेदारी तय की गई है। निचले स्तर के समाधान से असंतुष्ट कर्मी अपीलीय प्राधिकारी के समक्ष अपनी बात रख सकेंगे।
अब झारखंड के मुख्यमंत्री,विधायक एवं पूर्व विधायकों को अखिल भारतीय सेवा के अधिकारियों की तरह चिकित्सा सुविधा दी जाएगी।इस व्यवस्था के तहत उनकी चिकित्सा पर खर्च होने वाली पूरी राशि का भुगतान प्रतिपूर्ति के रूप में सरकार करेगी। राज्य कर्मियों की सेवा और सेवा निवृत्ति संबंधी विवादों के समाधान के लिए नियमावली का गठन किया गया है। इसमें किसी भी विवाद या समस्या के समाधान के लिए समय सीमा और अधिकारियों की जिम्मेदारी तय की गई है।
निचले स्तर पर किए गए समाधान से संतुष्ट न होने पर अपीलीय प्राधिकारी का भी गठन किया गया है। इस पर अधिकार में संबंधित कर्मी अपनी बात रख सकेंगे।
मानकी मुंडा छात्रवृत्ति योजना का लाभ अब झारखंड के बाहर के तकनीकी महाविद्यालय की छात्राओं को भी मिलेगा। पहले इस योजना का लाभ केवल झारखंड तकनीकी विश्वविद्यालय से संबद्ध महाविद्यालय की छात्राओं को ही मिलता था। कैबिनेट सचिव वंदना दादेल ने बताया कि मानकी मुंडा छात्रवृत्ति योजना के तहत अभी तक झारखंड प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय रांची से संबद्ध संस्थानों में पढ़ाई कर रही इंजीनियरिंग और डिप्लोमा की छात्राओं को लाभ मिलता था। लेकिन अब इसका लाभ सभी उच्च शिक्षण संस्थानों में तकनीकी शिक्षा लेने वाली छात्राओं को मिल सकेगा। इसके लिए आवेदन की प्रक्रिया भी सरल कर दी गई है।
बीआईटी सिंदरी में चार सेंटर आफ एक्सीलेंस की स्थापना के लिए बीआइटी सिंदरी इनोवेशन एंड इनक्यूबेशन सेंटर फाउंडेशन द्वारा सेंटर ऑफ एक्सीलेंस के संचालन करने हेतु 5 वर्षों के लिए 38 करोड़ 58 लाख 555 रुपये की अनुमानित राशि की स्वीकृति प्रदान की गई है। सरकारी सेवकों के विवादों के निपटारे के लिए राज्य सरकार ने झारखंड सरकारी सेवक निवारण नियमावली 2026 की स्वीकृति प्रदान की है। कैबिनेट ने झारखंड सिटी टूरिस्ट टैक्स रुल्स 2025 के संबंध में मंजूरी प्रदान की है। इसके तहत पर्यटकों को शहरी क्षेत्र के होटलों के बिल में अलग से टैक्स देना होगा. राज्य सरकार ने विदेशी और भारतीय पर्यटकों के लिए अलग-अलग दर होटल के श्रेणी को ध्यान में रखकर निर्धारित किया है।

