धनबाद। गया से हावड़ा जा रही वंदे भारत एक्सप्रेस पर पथराव के बाद यात्रियों में हड़कंप मच गया। हालांकि इस घटना में किसी यात्री को चोट नहीं आई, लेकिन ट्रेन के सी-2 कोच के शीशे क्षतिग्रस्त हो गए। घटना के बाद रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
मिली जानकारी के अनुसार, घटना की सूचना मिलते ही आरपीएफ की टीम सड़क मार्ग से तुरंत मौके पर पहुंची। धनबाद के धोखरा हाल्ट के पास रेलवे ट्रैक से कुछ दूरी पर तीन युवक संदिग्ध हालत में बैठे दिखे। वे एक स्लीपर पर बैठकर शराब पी रहे थे। आरपीएफ को देखते ही तीनों वहां से भागने लगे, लेकिन जवानों ने घेराबंदी कर उन्हें पकड़ लिया।
नशे की हालत में गुजरने वाली ट्रेनों पर करते हैे पत्थरबाजी
गिरफ्तार युवकों की पहचान 32 वर्षीय उत्तम कुमार, 18 वर्षीय रवि कुमार बाउरी और एक 17 वर्षीय नाबालिग के रूप में हुई है। सभी आरोपी बीसीसीएल के करमाटांड़ कॉलोनी के रहने वाले बताए जा रहे हैं। पूछताछ में तीनों ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया।
आरपीएफ अधिकारियों के अनुसार, आरोपियों ने बताया कि वे मजदूरी करते हैं और नशे के आदी हैं। अक्सर रेलवे ट्रैक के किनारे बैठकर शराब पीते हैं और नशे की हालत में गुजरने वाली ट्रेनों पर पत्थरबाजी कर देते हैं। उन्होंने स्वीकार किया कि वंदे भारत ट्रेन पर उन्होंने तीन पत्थर फेंके थे, जिनमें से दो कोच के शीशे पर लगे और एक पहिए से टकराया।
इतना ही नहीं, आरोपियों ने यह भी कबूल किया कि 22 मार्च को शक्तिपुंज एक्सप्रेस पर हुई पत्थरबाजी की घटना में भी वे शामिल थे। उस घटना में भी ट्रेन के शीशे को नुकसान पहुंचा था।
आरपीएफ ने तीनों को रेलवे न्यायालय में पेश किया, जहां दो आरोपियों को धनबाद मंडल कारा भेज दिया गया, जबकि नाबालिग को बाल सुधार गृह भेजने का आदेश दिया गया। रेलवे प्रशासन ने इस तरह की घटनाओं पर सख्त नजर रखने की बात कही है।

