
लोहरदगा : जिले से एक बेहद दर्दनाक और झकझोर देने वाली घटना सामने आई है। भंडरा थाना क्षेत्र के धनामुजी गांव में ऐसी घटना सामने आई है, जिसने हर किसी की आंखें नम कर दी हैं। करमा जैसे पावन त्योहार की खुशियां मनाने के लिए घर लौटे एक युवा जोड़े की बंद कमरे के भीतर संदिग्ध परिस्थितियों में जलकर मौत हो गई। इस खौफनाक मंजर ने पूरे इलाके को गहरे सदमे में डाल दिया है।
त्योहार के मौके पर घर लौटा था बेटा
मृतकों की पहचान 22 वर्षीय अजीत उरांव और उसकी 19 वर्षीया पत्नी बाल्मीका कुमारी के रूप में हुई है। स्थानीय लोगों के मुताबिक, अजीत पिछले कुछ समय से मानसिक रूप से अस्वस्थ चल रहा था। उसकी मानसिक स्थिति देख परिजन भी चिंतित थे। वह कुछ दिनों के लिए रांची भी गया था,लेकिन करमा पर्व के मौके पर वह सब कुछ भुलाकर अपने घर लौट आया था। किसी को इस बात का अंदेशा नहीं था कि यह वापसी उसके जीवन का आखिरी सफर साबित होगी।
आधी रात को घर से उठी लपटें और मचा कोहराम
शनिवार की देर रात जब पूरा गांव गहरी नींद में था, तब अजीत और बाल्मीका का कमरा अचानक श्मशान में तब्दील हो गया। कमरे के अंदर से अचानक आग की लपटें और धुएं का गुबार उठता देख बाहर मौजूद परिजनों के होश उड़ गए। आनन-फानन में दरवाजा तोड़कर दोनों को बाहर निकाला गया और तुरंत लोहरदगा सदर अस्पताल पहुंचाया गया।
अस्पताल पहुंचते ही डॉक्टरों ने अजीत को मृत घोषित कर दिया। वहीं, बुरी तरह झुलस चुकी बाल्मीका की गंभीर हालत को देखते हुए उसे फौरन रांची के रिम्स रेफर किया गया। लेकिन इलाज के दौरान रिम्स में उसने भी दम तोड़ दिया।
आत्महत्या या महज एक दुर्घटना- उलझी हुई है गुत्थी
इस दर्दनाक हादसे के बाद गांव में चर्चा का बाजार गर्म है। स्थानीय स्तर पर दो तरह की कहानियां सामने आ रही हैं। एक पक्ष का मानना है कि मानसिक रूप से विक्षिप्त होने के कारण अजीत ने पहले अपनी पत्नी को आग के हवाले किया और फिर खुद भी आत्महत्या कर ली। वहीं, दूसरा पक्ष इसे एक भयानक दुर्घटना मान रहा है, जिसके अनुसार खाना पकाने के दौरान चूल्हे से फैली चिंगारी ने कपड़ों को अपनी चपेट में ले लिया होगा और बचाने की कोशिश में दोनों काल के गाल में समा गए।
घटनास्थल पर जले हुए बिजली के तारों का मिलना और कई अनसुलझे पहलू पुलिस के लिए भी पहेली बने हुए हैं। भंडरा थाना प्रभारी मनोज कुमार गुप्ता ने बताया कि पुलिस हर संभावित एंगल से गहराई से छानबीन कर रही है। सच क्या है, इसका पर्दाफाश करने के लिए फॉरेंसिक एक्सपर्ट्स की टीम को बुलाया गया है। रिपोर्ट आने के बाद ही यह साफ हो पाएगा कि यह हादसा था या फिर किसी अनहोनी का नतीजा। फिलहाल, पुलिस ने पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंपकर आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है।

