

विश्वजीत डे, राउरकेला: ओडिशा सरकार के श्रम मंत्री शारदा नायक ने निर्माण श्रमिकों की स्थिति का लिटमस टेस्ट किया है। उन्होंने ईएसआई अस्पताल से लेकर कंस्ट्रक्शन साइट तक का दौरा किया। मजदूरों से सीधा संवाद किया।

सरकार की ओर से दी जा रही सहायता की जमीनी हकीकत की पड़ताल की। इस दौरान उन्होंने विभागीय अधिकारियों और अस्पताल के चिकित्सकों व प्रबंधक से भी बात की। कहा कि निर्माण श्रमिकों के लिए सभी जरूरी सुविधाएं मुहैया कराना सरकार की प्राथमिकता में है।

हमारी सरकार के लिए गरीब मजदूरों का हित ही सर्वोपरि है। इसमें किसी तरह की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि व्यवस्था ऐसी होनी चाहिए कि किसी को सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ लेने के लिए इंतजार नहीं करना पड़े।

श्रम मंत्री ने अलग-अलग कंस्ट्रक्शन साइट का भी दौरा किया। वहां काम कर रही महिला मजदूरों की समस्याओं के बारे में जानकारी ली। समस्याओं के समाधान का आश्वासन दिया।
आम लोगों के साथ जमीन पर बैठे मंत्री, एक-एक कर सुनी सबकी फरियाद
श्रम मंत्री शारदा नायक में अपने दौरे के दौरान जमीन पर बैठकर लोगों की समस्याएं सुनी। वह बिना किसी प्रोटोकोल के बेहद साधारण अंदाज में आम लोगों के साथ चबूतरे पर बैठे। लोगों के कामकाज में आ रही परेशानियों से अवगत हुए। भरोसा दिया कि वह अपने स्तर से सभी समस्याओं के समाधान का प्रयास करेंगे।
सादगी ही रही है लोकप्रियता की सबसे बड़ी वजह
बतौर राजनीतिक सादगी ही शारदा नायक की लोकप्रियता की सबसे बड़ी वजह रही है। विधायक के रुप में वह हमेशा से लोगों से सीधे संवाद करते रहे हैं। क्षेत्र की हर समस्या के समाधान के वह खुद से आगे बढ़कर सबसे पहले मौके पर पहुंचे रहे हैं।
कर्मचारियों के साथ स्कूल छत पर चढ़कर झाड़ू लगाने तक में उन्हें कभी कोई परेशानी नहीं हुई। यही कारण था कि शारदा नायक का यह वीडियो चौतरफा चर्चा के केंद्र में रहा। राज्य सरकार में मंत्री की जिम्मेदारी मिलने के बाद भी शारदा नायक बिना किसी सुरक्षा के सीधे लोगों से मिलते जुलते रहते हैं।
