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Bokaro Elephant Attack : बोकारो के बनचतरा गांव में हाथियों का आतंक, घर तोड़ा, फसलें रौंदी, वन विभाग के खिलाफ ग्रामीणों में आक्रोश

by Anand Mishra
Bokaro Elephant Trrror
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Bokaro (Jharkhand) : झारखंड के बोकारो जिले में जंगली हाथियों का उत्पात लगातार जारी है। मंगलवार की रात, गोमिया प्रखंड के बरतुआ और बनचतरा गांव में हाथियों के एक झुंड ने जमकर तांडव मचाया, जिससे कई घर क्षतिग्रस्त हो गए और फसलों को भारी नुकसान पहुंचा।

बनचतरा गांव की निवासी, विधवा छोटकी देवी ने बताया कि वह अपनी दो बेटियों के साथ सो रही थीं, तभी हाथियों ने उनके घर पर हमला कर दिया। चिंघाड़ने की आवाज सुनकर वे किसी तरह अपनी जान बचाकर पड़ोस के एक पक्के मकान की छत पर चढ़ गईं। हाथियों ने उनके घर की दीवार तोड़ दी और अंदर घुसकर 30 किलो चावल, 25 किलो गेहूं और सब्जियां खा गए। छोटकी देवी ने कहा कि अब उनके पास खाने के लिए कुछ नहीं बचा है और उनका घर भी टूट गया है।

घर में घुस कर कुर्सियों तक को तोड़ डाला

इसी तरह, आनंद मरांडी और जिनुन मरांडी के घरों और फसलों को भी हाथियों ने बुरी तरह से नुकसान पहुंचाया। आनंद मरांडी के घर की कुर्सियां तोड़ दी गईं, जबकि जिनुन मरांडी के केले के फसल को बर्बाद कर दिया गया।

वन विभाग की अनदेखी से बढ़ा गुस्सा

ग्रामीणों ने बताया कि हाथियों के उत्पात से वे काफी परेशान हैं, लेकिन वन विभाग कोई ठोस कदम नहीं उठा रहा है। मोतीलाल मांझी ने आरोप लगाया कि उन्होंने रात भर वन विभाग के अधिकारियों को फोन किया, लेकिन कोई भी मदद के लिए नहीं पहुंचा। ग्रामीणों ने खुद ही डीजल से आग जलाकर और शोर मचाकर हाथियों को भगाया।

हाथियों के झुंड में दो बच्चे भी शामिल हैं और फिलहाल उन्होंने कपसा स्थान के पास के जंगल को अपना ठिकाना बनाया हुआ है। ग्रामीणों ने प्रशासन और वन विभाग से तत्काल मुआवजे की मांग की है, ताकि वे इस आर्थिक नुकसान से उबर सकें।

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