Jamshedpur : गोलमुरी थाना क्षेत्र के टीनप्लेट मैदान के पास गुरुवार को हुए कन्हैया यादव हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। पुलिस ने इस मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा है। जिन लोगों को जेल भेजा गया है उनमें गोलमुरी के नामदा बस्ती का रहने वाला सुमित कुमार, यहीं का रहने वाला गुरप्रीत सिंह उर्फ राज उर्फ लोलो, ओल्ड केबल टाउन के पास का रहने वाला अमरीक सिंह उर्फ विक्की सिंह और गोलमुरी के सबीना कॉलोनी का रहने वाला राजा आलम शामिल हैं।

कन्हैया के बेटे और सुमित के बीच हुई थी मारपीट
पुलिस ने उनके पास से हत्या में प्रयुक्त दो कंट्री मेड पिस्टल, सात खोखा और पिलेट बरामद की है। हत्या के पीछे कन्हैया यादव के बेटे का विवाद सामने आ रहा है। एसएसपी पीयूष पांडेय ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि कन्हैया यादव के बेटे का सुमित कुमार सिंह से विवाद चल रहा था। इस मामले में पहले मारपीट भी हो चुकी थी। एक दूसरे के खिलाफ थाने में केस दर्ज कराए गए थे। इसी घटना का बदला लेने के लिए सुमित कुमार ने हत्या की यह प्लानिंग रची थी और कन्हैया यादव की गोली मारकर हत्या की गई थी।
एसएसपी ने बताया कि इस मामले में तीन आरोपियों का आपराधिक इतिहास है। गुरप्रीत सिंह के ऊपर टेल्को में दो और बर्मामाइंस थाने में दो केस हैं। अमरीक सिंह के खिलाफ गोलमुरी में एक केस और सुमित कुमार सिंह के खिलाफ गोलमुरी में एक केस है।
डोबो पुल और पारडीह के पास से गिरफ्तार किए गए अपराधी
बताया जा रहा है कि पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज के जरिए पहचान कर सुमित कुमार और गुरप्रीत सिंह को गिरफ्तार किया था। इन दोनों ने अपना जुर्म कबूल कर लिया था। इन दोनों को डोबो पुल के पास से गिरफ्तार किया गया था। पूछताछ में इन लोगों ने अमरीक सिंह और राजा आलम समेत कई लोगों के नाम बताए। इसके बाद अमरीक सिंह और राजा आलम को पारडीह से गिरफ्तार किया गया।
घटना में बिल्ला पाठक समेत कई लोग फरार चल रहे हैं। पुलिस उनकी तलाश कर रही है। एसपी ने बताया कि घटना का खुलासा करने के लिए। उन्होंने सिटी एसपी के नेतृत्व में एक एसआईटी गठित की थी। इसी समिति ने यह गिरफ्तारी की है।

