मोतिहारी : बिहार के मोतिहारी जिले में हाल ही में पांच पुलिस अधिकारियों को निलंबित करने की कार्रवाई ने पुलिस विभाग में हलचल मचा दी है। यह निलंबन की कार्रवाई उन दारोगाओं के खिलाफ हुई है जिनकी लापरवाही चंपारण रेंज के DIG हरिकिशोर राय के निरीक्षण के दौरान सामने आई। डीआईजी की ओर से जिले के विभिन्न थानों के निरीक्षण के बाद इन अधिकारियों पर गंभीर आरोप लगाए गए। इसके परिणामस्वरूप निलंबन की कार्रवाई की गई।
बताए गए निलंबन के कारण
दरअसल, डीआईजी हरिकिशोर राय ने मोतिहारी जिले के विभिन्न थानों का निरीक्षण किया। इस दौरान यह पाया गया कि कुछ पुलिस अधिकारियों द्वारा अपनी जिम्मेदारियों का सही तरीके से निर्वहन नहीं किया जा रहा है। इन लापरवाह पुलिस अधिकारियों के कारण जिले में कानून-व्यवस्था प्रभावित हो रही थी। खासकर गड़हिया ओपी के थानाध्यक्ष राजीव रंजन कुमार पर आरोप था कि वह हरैया थाना से एक साल पहले ट्रांसफर होने के बावजूद अपने पुराने मामलों का प्रभार नहीं सौंप पाए थे। उनके ऊपर यह भी आरोप था कि इस कारण करीब 40 केसों की जांच में देरी हो रही थी, जो अपराधियों को सजा दिलाने में रुकावट उत्पन्न कर रहे थे।
चार दारोगाओं ने नहीं सौंपा था पुराने मामलों का प्रभार
राजीव रंजन कुमार के निलंबन के साथ-साथ डीआईजी ने चार अन्य दारोगाओं को भी निलंबित किया। इन दारोगाओं पर भी पुराने थानों के मामलों का प्रभार नहीं सौंपने का आरोप था। निलंबित होने वाले दारोगाओं में छौड़ादानो थाना के शिवजी सिंह, पचपकड़ी थाना के ब्रजभूषण सिंह, जय बजरंग थाना के संजय कुमार सिंह और रक्सौल थाना के संजय कुमार सिंह शामिल हैं। इन सभी अधिकारियों पर यह आरोप था कि इनकी लापरवाही की वजह से केसों की जांच में देरी हो रही थी, जो कानून-व्यवस्था पर प्रतिकूल प्रभाव डाल रही थी।
लापरवाही नहीं की जाएगी बर्दाश्त: एसपी
निलंबन के बाद एसपी स्वर्ण प्रभात ने कहा कि यह कार्रवाई डीआईजी के द्वारा की गई है और यह इस बात का संकेत है कि अब जिले में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने बताया कि जिन अधिकारियों ने अब तक पुराने मामलों का प्रभार नहीं सौंपा है, उन पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। एसपी ने कहा कि डीआईजी ने स्पष्ट किया है कि लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा। जिले की कानून-व्यवस्था को बेहतर बनाने और लंबित मामलों का शीघ्र निपटारा करने के लिए यह कदम उठाया गया है।
कार्रवाई कर डीआईजी ने दिया सख्त संदेश
चंपारण रेंज के डीआईजी हरिकिशोर राय ने अपनी जांच के बाद यह साफ कर दिया कि अब कोई भी अधिकारी अपनी जिम्मेदारी से बचने की कोशिश नहीं कर सकता। उन्होंने कहा कि जिन अधिकारियों पर यह आरोप साबित होते हैं कि उन्होंने अपनी जिम्मेदारी नहीं निभाई, उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। इस कार्रवाई के पीछे डीआईजी का उद्देश्य यह है कि पुलिस विभाग में अनुशासन और कर्तव्यनिष्ठा बनी रहे, ताकि अपराधियों को जल्द सजा दिलाई जा सके और जनता को सही समय पर न्याय मिल सके।
कानून-व्यवस्था में सुधार की दिशा में कदम
डीआईजी के इस निरीक्षण और बाद की कार्रवाई से यह स्पष्ट हो गया है कि पुलिस विभाग में लापरवाही की कोई भी गुंजाइश अब नहीं रहेगी। अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाएगी और जो भी अपनी जिम्मेदारी से मुंह मोड़ेगा, उस पर कार्रवाई की जाएगी। इससे यह उम्मीद जताई जा रही है कि जिले में कानून-व्यवस्था में सुधार होगा और लंबित मामलों का निपटारा जल्दी होगा।

