Home » Alamgir Alam Bail : झारखंड के पूर्व मंत्री आलमगीर आलम को ‘सुप्रीम’ राहत, जानें किस मामले में मिली जमानत

Alamgir Alam Bail : झारखंड के पूर्व मंत्री आलमगीर आलम को ‘सुप्रीम’ राहत, जानें किस मामले में मिली जमानत

by Rakesh Pandey
Alamgir Alam Bail
WhatsApp Group Join Now
Instagram Follow Now

रांची : झारखंड की राजनीति से जुड़े चर्चित मनी लॉन्ड्रिंग मामले में सोमवार को बड़ा घटनाक्रम सामने आया। सुप्रीम कोर्ट ने झारखंड के पूर्व ग्रामीण विकास मंत्री आलमगीर आलम और उनके निजी सहायक संजीव लाल को जमानत दे दी है। दोनों को प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने टेंडर कमीशन घोटाले से जुड़े धनशोधन मामले में गिरफ्तार किया था।

सुप्रीम कोर्ट से राहत मिलने के बाद राज्य की राजनीतिक हलचल एक बार फिर तेज हो गई है। यह मामला पिछले वर्ष करोड़ों रुपये की नकदी बरामद होने के बाद राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा में आया था।

ED ने 15 मई 2024 को किया था गिरफ्तार

प्रवर्तन निदेशालय ने 15 मई 2024 को आलमगीर आलम को गिरफ्तार किया था। जांच एजेंसी ने उन पर टेंडर कमीशन घोटाले से जुड़े धनशोधन गतिविधियों में शामिल होने का आरोप लगाया था। इससे पहले ED ने कई ठिकानों पर छापेमारी की थी, जहां से करोड़ों रुपये बरामद हुए थे।

जांच के दौरान एजेंसी को आलमगीर आलम के करीबी लोगों के ठिकानों से 32.20 करोड़ रुपये से अधिक नकद मिले थे। बरामद राशि को लेकर ED ने दावा किया था कि यह कथित कमीशन नेटवर्क और अवैध लेनदेन से जुड़ा हो सकता है।

संजीव लाल को भी मिली राहत

सुप्रीम कोर्ट ने पूर्व मंत्री के निजी सहायक संजीव लाल को भी जमानत प्रदान की है। ED की जांच में संजीव लाल का नाम कथित तौर पर वित्तीय लेनदेन और नेटवर्क संचालन से जुड़ा बताया गया था। जांच एजेंसी ने आरोप लगाया था कि ग्रामीण विकास विभाग से जुड़े टेंडरों में कमीशन वसूली और अवैध धन संग्रह का एक संगठित तंत्र काम कर रहा था। इसी मामले में कई लोगों से पूछताछ और छापेमारी की कार्रवाई भी हुई थी।

झारखंड की राजनीति में फिर बढ़ी हलचल

आलमगीर आलम को जमानत मिलने के बाद झारखंड की राजनीतिक गतिविधियां फिर तेज हो गई हैं। विपक्ष और सत्ता पक्ष दोनों की नजर अब इस मामले की आगामी कानूनी प्रक्रिया पर टिकी हुई है। हालांकि, सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिलने के बावजूद मामले की जांच और सुनवाई जारी रहेगी। ED इस केस में वित्तीय लेनदेन, टेंडर प्रक्रिया और कथित अवैध संपत्ति से जुड़े दस्तावेजों की जांच पहले से कर रही है।

टेंडर कमीशन घोटाले ने खींचा था ध्यान

झारखंड में कथित टेंडर कमीशन घोटाले का मामला उस समय सुर्खियों में आया था, जब ED की छापेमारी में करोड़ों रुपये नकद बरामद हुए थे। बड़ी मात्रा में कैश मिलने के बाद यह मामला राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा का विषय बन गया था।

Read Also- Ranchi Missing Girl : लापता अदिति पांडे की जानकारी देने वालों को रांची पुलिस देगी 50 हजार रुपये इनाम

Related Articles

Leave a Comment