चाईबासा: पश्चिमी सिंहभूम जिले में इंटरमीडिएट के छात्रों द्वारा राज्य सरकार के महाविद्यालयों से इंटर की पढ़ाई को हटाने के आदेश के खिलाफ स्वतःस्फूर्त विशाल छात्र आंदोलन को एआईडीएसओ (All India Democratic Students Organisation) जिला कमिटी ने पूर्ण समर्थन देते हुए राज्यपाल के नाम जिला उपायुक्त को ज्ञापन सौंपा है।

हजारों छात्रों को इंटर में दाखिला सरकार की जिम्मेदारी:AIDSO
छात्र संगठन एआईडीएसओ के जिला अध्यक्ष शगुन हांसदा ने बताया, झारखंड राज्य सरकार द्वारा झारखंड के सभी अंगीभूत महाविद्यालयों से इंटर की पढ़ाई को हटाने का फरमान ज़ारी किया गया है। वर्तमान में मैट्रिक उत्तीर्ण हजारों छात्रों को इंटर में दाखिला देने की व्यवस्था करना सरकार की जिम्मेदारी होनी चाहिए थी। ऐसे समय में सरकार का यह आदेश आया है। विडंबना यह है कि जहां महाविद्यालयों में 1500 से 2000 छात्र एक सत्र में दाखिला ले सकते थे, वहीं वर्तमान में आसपास के स्कूलों में इतनी संख्या में छात्रों को दाखिला देने की कोई व्यवस्था नहीं है।
5 किलोमीटर दूर पढ़ने के लिए भेजा जा रहा छात्रों को
AIDSO का कहना है कि वर्तमान में अध्यनरत (सत्र 2024-26) 12वीं के छात्रों को स्थानांतरण करते हुए महाविद्यालय से 5 किलोमीटर दूर, +2 स्कूलों में भेजने का निर्णय भी छात्रों के पढ़ाई में बाधक और समस्या के रूप में उत्पन्न होगी जो की पूरी तरीके से अनैतिक और निंदनीय है।
समस्याओं से घिरीहै शिक्षा व्यवस्था
AIDSO का यह भी कहना है जब पहले से ही हमारे राज्य में पर्याप्त शिक्षक शिक्षकेत्तर कर्मचारी की घोर कमी है, प्रयोगशाला, सही मूलभूत संरचना आदि गंभीर समस्याओं से शिक्षा व्यवस्था घिरी हुई है। ऐसी परिस्थिति में यह कदम अत्यंत चिंताजनक विषय है। इंटर के शिक्षकों के भविष्य का भी कोई ठोस दिशा नहीं है। खास करके हमारे जिले पश्चिमी सिंहभूम की आर्थिक सामाजिक स्थिति को देखते हुए इंटर की पढ़ाई को कॉलेज से हटाना एकदम अन्यायपूर्ण एवं दुर्भाग्यजनक है।
मुद्दे को लेकर आंदोलन तेज करने की तैयारी
संगठन की ओर से मांग की गई है कि इस विषय को गंभीरता से लेते हुए इस अनैतिक कदम को अविलंब स्थगित किया जाए। अन्यथा संगठन ने चेतावनी दी की समस्याओं पर त्वरित कार्रवाई नहीं होने पर, आगामी दिनों में एआईडीएसओ अपनी पूरी ताकत के साथ जिले भर में तीव्र छात्र आंदोलन तैयार करेगी। मौके पर संगठन के राज्य उपाध्यक्ष रिंकी बंश्रीआर ,जिला अध्यक्ष सगुन हाँसदा,सचिव सत्येन महतो, उपाध्यक्ष जतिन दास प्रमुख मौजूद थे।

