कोलकाता : पश्चिम बंगाल में आज रामनवमी का पर्व धूमधाम से मनाया जा रहा है। राज्यभर में शोभायात्राओं और जुलूसों का आयोजन किया जा रहा है, जिनमें बड़ी संख्या में लोग भाग ले रहे हैं। इन जुलूसों में जय श्री राम के नारे गूंज रहे हैं, जबकि पुलिस सुरक्षा के कड़े इंतजाम कर रही है। राज्य सरकार ने सुरक्षा बढ़ा दी है और पुलिस को हाई अलर्ट पर रखा गया है, खासकर संवेदनशील इलाकों में।
बीजेपी की तैयारी और जुलूसों की धूम
रामनवमी के मौके पर बीजेपी ने अपनी तैयारी में कोई कसर नहीं छोड़ी है। पार्टी के कार्यकर्ता बड़ी संख्या में जुलूसों और शोभायात्राओं में शामिल हो रहे हैं। बीजेपी के अनुसार, राज्यभर में करीब 20,000 शोभायात्राएं और जुलूस निकलने वाले हैं, जिनमें लगभग 1 करोड़ लोग भाग लेंगे। इन शोभायात्राओं में भगवा ध्वज लहराए जा रहे हैं और रामधुन पर लोग झूम रहे हैं। हावड़ा में भी एक विशेष शोभायात्रा आयोजित की गई है, जहां सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं।
नंदीग्राम में राम मंदिर की नींव
बीजेपी नेता शुभेंदु अधिकारी आज नंदीग्राम पहुंचे, जहां उन्होंने राम मंदिर की नींव रखी। नंदीग्राम में इस मंदिर की नींव रामनवमी के अवसर पर रखी जा रही है, जो स्थानीय बीजेपी नेताओं और रामभक्तों के लिए एक महत्वपूर्ण पल है। शुभेंदु अधिकारी ने ममता सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि राज्य में 1.5 करोड़ हिंदू इस बार रामनवमी मनाने के लिए सड़कों पर उतरेंगे।
हाईकोर्ट के आदेश पर शोभायात्रा
राज्य में रामनवमी पर शोभायात्राओं की अनुमति पश्चिम बंगाल हाईकोर्ट के आदेश पर दी गई है। शनिवार से इसकी तैयारियां शुरू हो गई थीं और आज हावड़ा में बड़ी संख्या में लोग एक भव्य शोभायात्रा में शामिल हुए। पुलिस ने इन जुलूसों की सुरक्षा के लिए 29 पुलिस अधिकारियों को तैनात किया है और सीसीटीवी और ड्रोन के माध्यम से इन शोभायात्राओं की निगरानी की जा रही है।
कोलकाता में सुरक्षा के कड़े इंतजाम
कोलकाता में कुल 59 स्थानों पर शोभायात्राओं की अनुमति दी गई है, और इन स्थानों पर पुलिस की तैनाती भी की गई है। यहां करीब 5000 पुलिसवाले सुरक्षा व्यवस्था में लगे हुए हैं और रैली के रास्तों पर वरिष्ठ अधिकारी सुरक्षा की निगरानी कर रहे हैं। डिप्टी कमिश्नर और ज्वॉइंट कमिश्नर रैंक के अधिकारी इन रैलियों के रास्तों पर तैनात हैं। पुलिस सोशल मीडिया पर भी नजर रख रही है, ताकि किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना से बचा जा सके।
बीजेपी और टीएमसी के बीच सियासी घमासान
रामनवमी के जुलूसों के बीच बीजेपी और टीएमसी के बीच सियासी घमासान भी तेज हो गया है। बीजेपी के नेता दिलीप घोष ने ममता सरकार पर आरोप लगाया कि राज्य सरकार हिंदू समुदाय के धार्मिक उत्सवों में रुकावट डालने की कोशिश कर रही है। उन्होंने कहा कि रामनवमी के जुलूसों में लाखों लोग शामिल होंगे और पुलिस-प्रशासन का काम शांति बनाए रखना है। उन्होंने यह भी कहा कि अगर कोई हथियार लेकर निकलता है तो यह उसकी सुरक्षा के लिए होगा।
वहीं, टीएमसी ने बीजेपी पर आरोप लगाते हुए कहा कि पार्टी रामनवमी के जुलूसों को सांप्रदायिक एजेंडा के रूप में इस्तेमाल कर रही है। कुणाल घोष, टीएमसी प्रवक्ता ने कहा कि बीजेपी इस पर्व को राजनीतिक कार्यक्रम बनाने की कोशिश कर रही है और इसका मकसद राज्य में अशांति फैलाना है।
सुरक्षा के कड़े इंतजाम
पुलिस सूत्रों ने बताया कि पूरे राज्य में जुलूसों पर कड़ी नजर रखने के लिए ड्रोन और सीसीटीवी का बड़े पैमाने पर इस्तेमाल किया जा रहा है। कोलकाता के एंटाली, कासीपुर, खिदिरपुर और चितपुर जैसे संवेदनशील क्षेत्रों में तत्काल प्रतिक्रिया दल (आरआरटी) तैनात किए गए हैं, जो किसी भी अप्रिय घटना से निपटने के लिए तैयार हैं। पुलिस ने इन इलाकों की निगरानी के लिए 20 से अधिक आईपीएस अधिकारियों को नियुक्त किया है।

