नई दिल्ली : दिल्ली विधानसभा चुनाव की सरगर्मियाँ तेज़ हो गई हैं। इस बीच दिल्ली की मुख्यमंत्री और आम आदमी पार्टी (AAP) की वरिष्ठ नेता आतिशी के चुनावी कैंपेन में एक नया विवाद सामने आया है। सरकारी गाड़ी के चुनाव प्रचार में इस्तेमाल करने के आरोप में एक एफआईआर दर्ज की गई है। इस मामले में PWD विभाग के एग्जीक्यूटिव इंजीनियर को आरोपी बनाया गया है।
आतिशी पर आरोप और FIR की कहानी
चुनाव आयोग के कोड ऑफ कंडक्ट का उल्लंघन करने के आरोप में यह मामला सामने आया। रिटर्निंग अफसर की शिकायत के बाद PWD विभाग के एग्जीक्यूटिव इंजीनियर के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। आरोप है कि आतिशी के चुनाव प्रचार में सरकारी गाड़ी का इस्तेमाल किया गया। जांच के दौरान यह भी सामने आया कि एक सरकारी वाहन का प्रयोग उनके निजी चुनावी कार्यालय में चुनाव से जुड़े कामों के लिए किया जा रहा था।
7 जनवरी को PWD के सरकारी वाहन को दिन में करीब 2:30 बजे चुनावी कार्यों के लिए निजी चुनाव कार्यालय में भेजा गया था, जो नियमों के खिलाफ है। शिकायत के अनुसार, सरकारी गाड़ी का इस्तेमाल निजी कार्यालय और चुनाव प्रचार के कामों में किया गया।
विधायक केएस दुग्गल की शिकायत और आरोप
इस मामले में कालकाजी के बीजेपी विधायक केएस दुग्गल ने गोविंदपुरी थाना के SHO को शिकायत दी थी। दुग्गल ने आरोप लगाया कि आतिशी ने सरकारी संसाधनों का दुरुपयोग किया है। गौरतलब है कि आतिशी को कालकाजी विधानसभा सीट से फिर से टिकट दिया गया है, जबकि बीजेपी ने इस सीट से पूर्व सांसद रमेश बिधूड़ी को मैदान में उतारा है।
चुनाव की तारीखें और मतदाता जानकारी
दिल्ली विधानसभा चुनाव की तारीखों की घोषणा हो चुकी है। इस बार चुनाव एक चरण में 5 फरवरी को होंगे, और नतीजे 8 फरवरी को घोषित किए जाएंगे। 70 विधानसभा सीटों के लिए हो रहे इस चुनाव में कुल 1.55 करोड़ से ज्यादा मतदाता हैं। इनमें से 83,49,645 पुरुष, 71,73,952 महिलाएं और 1,261 थर्ड जेंडर मतदाता हैं।
AAP की सकारात्मक राजनीति पर आतिशी का बयान
इस विवाद के बीच, आतिशी ने अपनी पार्टी AAP की सकारात्मक राजनीति का समर्थन करते हुए कहा कि दिल्ली सरकार ने आम लोगों के लिए काम किया है। उन्होंने आरोप लगाया कि कई दलों के उम्मीदवार और नेता बड़े पूंजीपतियों से पैसे लेकर उनके लिए काम करते हैं, लेकिन AAP ने कभी ऐसा नहीं किया। केजरीवाल सरकार ने मुफ्त पानी, बिजली, मोहल्ला क्लीनिक और शिक्षा जैसी योजनाएं आम जनता के लिए शुरू की, जो केवल आम जनता के समर्थन से संभव हो पाईं।
आतिशी का यह बयान दिल्ली में AAP के प्रचार को मजबूत करने के लिए है, जहाँ पार्टी ने 2015 और 2020 के चुनावों में शानदार जीत हासिल की थी। अब पार्टी का लक्ष्य है कि इस बार भी दिल्ली में अपनी सरकार बनाए और अपनी जीत की हैट्रिक पूरी करे।
दिल्ली विधानसभा चुनाव में इस बार चुनावी माहौल गर्म है और हर कदम पर सख्त निगरानी रखी जा रही है। आतिशी के खिलाफ एफआईआर का मामला हालांकि एक विवाद का रूप ले चुका है, लेकिन दिल्ली में चुनावी प्रचार के दौरान राजनीतिक दलों के बीच आरोप-प्रत्यारोप का सिलसिला जारी रहेगा। जनता अब यह देखेगी कि चुनावी नियमों का पालन करने की जिम्मेदारी किस तरह से निभाई जाती है।

