केरल : एर्नाकुलम में एक 15 वर्षीय छात्र की आत्महत्या ने सभी को हिला कर रख दिया है। इस घटना के पीछे की वजह जानकर आपके रोंगटे खड़े हो जाएंगे।
दिल दहला देने वाली रैगिंग : मौत का कारण
मृतक छात्र की मां रजना पीएम ने सोशल मीडिया पर एक भावुक पोस्ट लिखकर इस घटना का खुलासा किया है। उन्होंने बताया कि उनके बेटे के आत्महत्या करने की वजह स्कूल में होने वाली खौफनाक रैगिंग थी।
उनकी पोस्ट के अनुसार, उनके बेटे मिहिर को स्कूल में छात्रों के एक समूह द्वारा लगातार प्रताड़ित किया जाता था। उसे पीटा जाता था, गालियां दी जाती थीं और हर दिन उसे अपमानित किया जाता था।
सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि मिहिर को आखिरी दिन भी बेहद दर्दनाक तरीके से अपमानित किया गया। उसे वॉशरूम में ले जाकर टॉयलेट सीट चाटने के लिए मजबूर किया गया और फ्लश करते समय उसके सिर को टॉयलेट में डुबोया गया।
रंगभेद और क्रूरता की हद
इतना ही नहीं, मिहिर को उसकी त्वचा के रंग के कारण भी परेशान किया जाता था। एक चौंकाने वाले चैट के स्क्रीनशॉट से पता चलता है कि उन बच्चों की क्रूरता किस हद तक बढ़ गई थी। उन्होंने मैसेज में लिखा था कि एफके निग्गा… वह वास्तव में मर गया और उन्होंने उसकी मौत का जश्न मनाया।
न्याय की गुहार
रजना ने अपने पोस्ट में कुछ चैट स्क्रीनशॉट भी शेयर किए हैं। उन्होंने बताया कि उन्होंने अपने पति के साथ मिलकर इस मामले की जानकारी जुटाना शुरू कर दिया है और उन्होंने सबूतों के साथ मुख्यमंत्री कार्यालय और डीजीपी को एक विस्तृत याचिका सौंपी है, जिसमें तत्काल और निष्पक्ष जांच की मांग की गई है।
फिलहाल, इस मामले की हिल पैलेस पुलिस स्टेशन, त्रिपुनिथुरा में पहली सूचना रिपोर्ट (एफआईआर) दर्ज की गई है। रजना ने कहा कि उनके बेटे की मौत व्यर्थ नहीं जानी चाहिए और उन्हें न्याय चाहिए। यह घटना समाज के लिए एक गंभीर सवाल खड़ा करती है। स्कूलों में रैगिंग की घटनाओं को रोकने के लिए सख्त कदम उठाने की जरूरत है। बच्चों को इस तरह की हिंसा से बचाने के लिए समाज को भी अपनी सोच बदलने की जरूरत है।

