Ramgarh: रामगढ़ जिले के रजरप्पा थाना क्षेत्र स्थित चितरपुर बाजार के शिव शंकर ज्वेलर्स डकैती कांड में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। डकैती के बाद लूटे गए जेवरों को जमीन में गाड़कर छुपाया गया था, जिसे पुलिस ने बरामद कर लिया है। इस मामले में डकैत की पत्नी और दामाद को गिरफ्तार किया गया है। अब तक इस कांड में कुल नौ लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है।
रामगढ़ एसपी मुकेश कुमार लुनायत ने सोमवार को प्रेस वार्ता में बताया कि कुजू ओपी क्षेत्र के बरकट्ठी गांव निवासी सुभानी अंसारी उर्फ ललका की पत्नी नाजमा खातून और उसके दामाद शाहनवाज हुसैन को गिरफ्तार किया गया है। दोनों ने अपने घर के परिसर में गड्ढा खोदकर लूट के जेवर छुपा रखे थे।पुलिस पूछताछ में दोनों ने उस स्थान की जानकारी दी, जहां जेवर दबाए गए थे। इसके बाद पुलिस ने खुदाई कर भारी मात्रा में सोने के हार, झुमके, चूड़ी, कंगन और अंगूठियां बरामद कीं। बरामद जेवरों की कीमत लाखों रुपये बताई जा रही है।
पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि डकैती के बाद अपराधी अपने करीबी रिश्तेदारों के पास लूट का सामान छुपा देते हैं। कई बार जेवर वाहनों में रखे जाते हैं, तो कभी जमीन में गाड़ दिए जाते हैं। विभाष पासवान गिरोह के सदस्य भी इसी तरीके से लूट के सामान को सुरक्षित रखने की कोशिश करते थे। इससे पहले विभाष पासवान की बहन रीना देवी और बहनोई मनीष कुमार का नाम भी ऐसे ही मामलों में सामने आया था।
गौरतलब है कि 21 अप्रैल को शिव शंकर ज्वेलर्स में हुई डकैती के बाद पुलिस ने तेजी से कार्रवाई करते हुए 72 घंटे के भीतर सात आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया था। इनमें सुभानी अंसारी उर्फ ललका, मनीष कुमार, रीना देवी, चंद्रावती देवी, आनंद कुमार, अरबाज अंसारी और नसरुल्लाह अंसारी उर्फ राजा शामिल थे।
अब नाजमा खातून और शाहनवाज हुसैन की गिरफ्तारी के बाद इस मामले में गिरफ्तार आरोपियों की संख्या बढ़कर नौ हो गई है।हालांकि इस पूरे गिरोह का सरगना विभाष पासवान अभी भी पुलिस की पकड़ से बाहर है और उसकी तलाश में लगातार छापेमारी की जा रही है।

